शनिवार, 09 जून, 2007 को 18:03 GMT तक के समाचार
एशिया एकादश ने अफ़्रीका एकादश को लगातार दूसरे मैच में हरा कर एफ़्रो-एशिया कप अपने नाम कर लिया है.
एशिया एकादश ने टॉस जीत कर पहले बल्लेबाज़ी करते हुए निर्धारित 50 ओवरों में सात विकेटों के नुकसान पर 337 रनों का विशाल स्कोर खड़ा कर दिया.
जवाब में अफ़्रीका एकादश की टीम लक्ष्य का पीछा करते हुए 306 रनों पर ऑलआउट हो गई.
तीन मैचों की सिरीज़ का आख़िरी मुक़ाबला अब औपचारिकता भर रह गया है.
अफ़्रीका एकादश की पारी समेटने में तेज़ गेंदबाज़ दिलहारा फ़र्नांडो की मुख्य भूमिका रही जिन्होंने 10 ओवर में 36 रन देकर चार विकेट चटकाए.
बेंगलूर में हुआ पहला मैच भी एशिया एकादश ने 34 रन से जीता था.
अफ़्रीका एकादश
36वें ओवर तक अफ़्रीका की मैच पर मजबूत पकड़ थी और उसने चार विकेट पर 217 रन बनाए थे लेकिन इसके बाद फ़र्नांडो ने एक के बाद एक झटके दिए और देखते ही देखते स्कोर 44.1 ओवर में नौ विकेट पर 263 हो गया.
अफ़्रीका एकादश की शुरुआत अच्छी नहीं रही. पहला विकेट एबी डीविलियर्स के रुप में 20 रनों पर ही गिर गया. इसके बाद बोएटा दिपेनार और वी सिबांडा ने मोर्चा संभाला पर सिबांडा 35 रन बना कर फर्नांडो की गेंद पर चलता बने.
उस समय टीम का स्कोर 80 था और इसी योग पर जस्टिन केंप भी पैवेलियन लौट गए. दिपेनार 67 रन बनाकर आउट हुए. इसके बाद मार्क बाउचर ने पारी संभाली लेकिन 73 रन बनाकर वो भी फ़र्नांडो के शिकार बने.
निचला क्रम भारी स्कोर के दबाव के आगे बिखर गया.
बाएँ हाथ के स्पिनर मोहम्मद रफ़ीक़ और मोहम्मद आसिफ़ ने दो-दो और सहवाग और युवराज सिंह ने एक-एक विकेट लिए.
एशिया एकादश
एशिया एकादश की ओर से वीरेन्द्र सहवाग (52 रन) सौरभ गांगुली (88 रन) और मोहम्मद यूसुफ़ (51) ने शानदार अर्धशतक लगाए.
सहवाग फ़ॉर्म में दिखे और उन्होंने महज 38 गेंदों पर 52 रन ठोक दिए. महेंद्र सिंह धोनी ने भी फटाफट शैली में 38 गेंदों पर 33 रन बनाए.
महेला जयवर्धने ने 45 रन बनाए. युवराज सिंह 30 रन बनाकर नाबाद रहे.
अफ़्रीका एकादश की ओर से एम मोर्केल और चिगुंबुरा ने दो-दो विकेट लिए.