http://www.bbcchindi.com

चैपल के बयान से सांसद नाराज़

भारतीय कोच ग्रेग चैपल के बयान पर सांसदों ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की है. यहाँ तक कि उन्होंने इस मामले में विशेषाधिकार हनन प्रस्ताव लाने की भी धमकी दी है.

महिला और बाल कल्याण मंत्री रेणुका चौधरी ने एक टीवी चैनल से कहा,'' यदि सांसद चाहेंगे तो चैपल के ख़िलाफ़ विशेषाधिकार हनन का प्रस्ताव लाया जा सकता है.''

ग्रेग चैपल ने केपटाउन में रविवार को कहा था कि भारतीय खिलाड़ियों के ख़राब प्रदर्शन को लेकर सांसदों की आलोचना से वो अचंभित नहीं हैं.

तीसरे वनडे में हार के बाद आयोजित पत्रकारवार्ता में ग्रेग चैपल ने कहा,'' मैं अचंभित नहीं हूँ. उन्हें (सांसदों) संसद में ऐसा करने के लिए वेतन मिलता है.''

सीपीआई के सांसद गुरुदास दासगुप्ता ने कहा कि ग्रेग चैपल को ऐसी टिप्पणी करने का कोई अधिकार नहीं है. उनका कहना था कि चैपल को लोकतंत्र की समझ नहीं है.

लोकसभा अध्यक्ष सोमनाथ चटर्जी ने कहा,'' हमें किसी को भाषण देने की ज़रूरत नहीं है.''

समाजवादी पार्टी के सांसद शाहिद सिद्दीकी का कहना था,'' चैपल भारत के ख़राब प्रदर्शन के लिए ज़िम्मेदार हैं.''

तीखी प्रतिक्रिया

इसके पहले भी सांसदों ने भारत के ख़राब प्रदर्शन को लेकर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की थी.

इसके बाद भारतीय क्रिकेट बोर्ड के अध्यक्ष शरद पवार ने चयन समिति के अध्यक्ष दिलीप वेंगसरकर को लोगों की भावनाओं से अवगत कराने के दक्षिण अफ़्रीका भेजा था.

दूसरे मैच में भारत को मिली 157 रनों की हार के बाद ग्रेग चैपल की व्यापक आलोचना शुरु हो गई थी और मामला संसद में भी उठा था.

इधर ग्रेग चैपल का कहना है कि सबसे बड़ी चिंता ये है कि अहम खिलाड़ी उतना अच्छा नहीं खेल रहे जितना उन्हें खेलना चाहिए.

उनका कहना था कि अच्छा प्रदर्शन इसलिए नहीं हो रहा क्योंकि बहुत सारे खिलाड़ी आउट ऑफ़ फ़ॉर्म हैं.