गुरुवार, 27 अप्रैल, 2006 को 20:29 GMT तक के समाचार
पाकिस्तान के ऑल राउंडर शाहिद अफ़रीदी को मना लिया गया है कि वे विश्व कप क्रिकेट तक टेस्ट मैच न खेलने का अपना फ़ैसला बदल लें.
26 वर्षीय अफ़रीदी ने इससे पहले अपने आपको इंग्लैंड और दक्षिण अफ़्रीका के दौरे से अलग रखने का फ़ैसला किया था.
अफ़रीदी का कहना था कि वे विश्व कप तक सिर्फ़ एक दिवसीय क्रिकेट पर ध्यान देना चाहते हैं.
लेकिन पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड के चेयरमैन शहरयार ख़ान से हुई चर्चा के बाद वे अपना फ़ैसला बदलने को राज़ी हो गए हैं.
पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड के प्रवक्ता अब्बास ज़ैदी ने कहा, "शहरयार ख़ान ने उन्हें समझाया है कि ये फ़ैसला न तो उनके हक़ में है और न टीम के."
हालांकि शहरयार ख़ान ने माना कि बोर्ड उस दबाव के बारे में संवेदनशील है जिसके चलते अफ़रीदी ने फ़ैसला लिया था.
अफ़रीदी ने टेस्ट क्रिकेट न खेलने का फ़ैसला लेते हुए समाचार एजेंसी रॉयटर्स से कहा था, "मैंने यह निर्णय किया है कि विश्व कप क्रिकेट तक टेस्ट क्रिकेट न खेलना उचित रहेगा. ये फ़ैसला मैंने ये सोचकर लिया है कि टेस्ट और वनडे- दोनों में मैं अपना 100 फ़ीसदी नहीं दे पाऊँगा."
26 वर्षीय शाहिद अफ़रीदी ने अभी तक 24 टेस्ट मैच खेले हैं और 38.90 की औसत से 1634 रन बनाए हैं जिसमें पाँच शतक और आठ अर्धशतक हैं. उन्होंने 44 विकेट भी लिए हैं.
टेस्ट के मुक़ाबले शाहिद अफ़रीदी ने ज़्यादा एक दिवसीय मैच खेले हैं.
अफ़रीदी के नाम एक दिवसीय मैच का सबसे तेज़ शतक बनाने का रिकॉर्ड है. उन्होंने 1996 में श्रीलंका के ख़िलाफ़ सिर्फ़ 37 गेंद पर शतक बना डाला था.