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सोमवार, 29 अगस्त, 2005 को 14:33 GMT तक के समाचार

ज़िम्बाब्वे पर भारत की आसान जीत

ज़िम्बाब्वे में चल रही त्रिकोणीय क्रिकेट प्रतियोगिता में सोमवार को भारत और ज़िम्बाब्वे के मुक़ाबले में भारत ने मुक़ाबिल टीम को 161 रन से हरा दिया.

हरारे में में खेले गए इस मैच में भारत ने अपनी पारी में 226 रन बनाए थे जिसके जवाब में ज़िम्बाब्वे की पूरी टीम सिर्फ़ 65 रन बनाकर ही आउट हो गई.

ज़िम्बाब्वे के मात्र 53 रन के स्कोर पर ही नौ विकेट गिर गए थे. इरफ़ान पठान ने 27 रन देकर पाँच और अगरकर ने चार विकेट लेकर ज़िम्बाब्वे की बल्लेबाज़ी की धज्जियाँ उड़ा दीं.

मैच की तस्वीरें

ज़िम्बाब्वे के टेलर ने तीन रन बनाए और उन्हें पठान ने बोल्ड आउट किया. कार्लिस्ली को नौ रन के स्कोर पर पठान ने ही आउट किया. वे एलबीडब्लयू आउट हुए.

सिबांदा का कैच अगरकर ने अपनी ही गेंद पर लपका जब उनका स्कोर सात था. मासाकाद्ज़ा को अगरकर ने ही शून्य पर एलबीडब्ल्यू आउट किया.

टायबु का कैच गांगुली ने पठान की गेंद पर लपका जब उन्होंने चार रन बनाए थे.

कोवेंट्री, ब्लिगनॉट और इविंग कोई रन नहीं बना पाए.

इससे पहले बल्लेबाज़ी करने को बलाई गई भारतीय टीम ने निर्धारित 50 ओवर में 226 रन बनाए.

भारतीय पारी

हालाँकि भारत के पहले दो मैच जल्दी-जल्दी ही गिर गए थे लेकिन भारत ने अपनी पूरी पारी में छह विकेट खोकर 226 रन बनाए थे.

भारत के लिए क़ैफ़ ने सात चौके लगाते हुए 65 रन बनाए, धोनी ने दो चौके और चार छक्के लगाते हुए 56 रन बनाए और युवराज सिंह 53 रनों पर नॉट आउट रहे.

मैच के शुरुआत में ज़िम्बाब्वे ने टॉस जीता और फ़ील्डिंग करने का फ़ैसला किया.

भारत का पहला विकेट वेणुगोपाल के रुप में मात्र तीन रनों पर गिर गया था और जब टीम का स्कोर 55 रन था तब गांगुली 20 रन के व्यक्तिगत स्कोर पर आउट हुए.

इसके बाद भारत का स्कोर 95 था जब द्रविड़ आउट हुए और फिर जब स्कोर 121 था तो क़ैफ़ के रुप में चौथा विकेट गिरा.

जब धोनी आउट हुए तो स्कोर 224 रन था और फिर भारत के 225 के स्कोर पर अगरकर आउट हुए.

भारत की टीम में सहवाग के ठीक न होने के कारण, वेणुगोपाल कप्तान गांगुली के साथ भारतीय पारी की शुरुआत करने आए लेकिन ख़ाता खोलने से पहले ही स्ट्रीक की गेंद पर टाएबु को कैच दे बैठे.

कप्तान गांगुली ने तीन चौके लगाकर 20 रन बनाए और आयरलैंड की गेंद पर इविंग ने उन्हें कैच किया.

द्रविड़ ने 14 रन बनाए और उत्सेय की गेंद पर बोल्ड आउट हुए.

मोहम्मद क़ैफ़ ने 65 रन बनाए और उन्हें इविंग ने कॉट एंड बोल्ड आउट किया. उन्होंने बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए 122 गेंदों में सात चौके लगाते हुए 65 रन बनाए.

भारतीय पारी को स्थिरता प्रदान करने का श्रेय निश्चित तौर पर क़ैफ़ को ही जाता है.

क़ैफ़ के आउट होने के बाद धोनी और युवराज ने भारतीय पारी को आगे बढ़ाया. धोनी ने तेज़ पारी खेलते हुए 46 गेंदों में 56 रन बनाए और आयरलैंड की गेंद पर उन्हें मेहवायर ने कैच किया.

युवराज सिंह ने भी अच्छा प्रदर्शन करते हुए तीन चौकों और एक छक्के की मदद से 53 रन बनाए और आउट नहीं हुए.

अगरकर कोई रन नहीं बना सके.