स्टीव वॉ न सिर्फ ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट के सफलतम कप्तान हैं, बल्कि उनकी सफलता का पूरी दुनिया में कोई जवाब नहीं. उनके क्रिकेट कैरियर के प्रमुख पड़ावों पर एक नज़र:
1965- जुड़वाँ भाई मार्क के साथ दो जून को जन्म.
1984- न्यू साउथ वेल्स की टीम की ओर से प्रथम श्रेणी क्रिकेट में पदार्पण. नौवें नंबर पर बल्लेबाज़ी, 31 रन का स्कोर.
1985- मेलबोर्न में टेस्ट क्रिकेट में भारत के ख़िलाफ़ क़दम रखा. दोनों पारियों में क्रमश: 13 और पाँच रन का स्कोर.
1986- न्यूज़ीलैंड के विरुद्ध एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण. एक विकेट लिया. बारिश के कारण मैच रद्द और बल्लेबाज़ी का मौक़ा नहीं.
1987- कोलकाता में वर्ल्ड कप फ़ाइनल में इंग्लैंड के ख़िलाफ़ पाँच रन बनाया और दो विकेट लिए.
1989- हेडिंग्ले में इंग्लैंड के ख़िलाफ़ नाबाद 177 रन की पारी. विज़डन क्रिकेटर ऑफ़ द ईयर का ख़िताब.
1995- वेस्टइंडीज़ के ख़िलाफ़ किंग्सटन में 200 रन की पारी.
1997- ऑस्ट्रेलिया की एकदिवसीय क्रिकेट टीम का कप्तान चयनित. ओल्ड ट्रैफर्ड टेस्ट में इंग्लैंड के ख़िलाफ़ दोनों पारियों में शतक.
1999- ऑस्ट्रेलियाई टेस्ट टीम का कप्तान बने. ऑस्ट्रेलिया को वर्ल्ड कप विजेता बनाया.
2000- अपनी कप्तानी में ऑस्ट्रेलिया को लगातार 16 टेस्ट मैचों में जीत दिलाई.
2002- एकदिवसीय टीम से बाहर. रिकी पोंटिंग को कप्तानी.
मई 2003- सर्वाधिक 160 टेस्ट मैच खेलने का रिकॉर्ड बनाया.
जुलाई- बांग्लादेश के ख़िलाफ़ शतक लगाते हुए टेस्ट खेलने वाले हर देश के ख़िलाफ़ शतक ठोंकने का करिश्मा किया.
नवंबर- भारत के विरुद्ध टेस्ट श्रृंखला के बाद संन्यास ले लेने की घोषणा.