शुक्रवार, 10 नवंबर, 2006 को 16:17 GMT तक के समाचार
अब इंटरनेट सर्च इंजन 'गूगल' से कुछ महत्वपूर्ण रोगों के लक्षणों के बारे में पता लगाया जा सकेगा.
ऑस्ट्रेलिया के डॉक्टरों की एक टीम ने 26 मामलों में गूगल सर्च से रोगों का लक्षण और निदान पता करने की कोशिश की.
अध्ययन में पता चला कि 26 में से15 मामलों में गूगल ने सही परिणाम दिए थे.
ये अध्ययन ब्रिटिश मेडिकल जर्नल की वेबसाइट पर प्रकाशित किया गया है.
अध्ययनकर्ताओं का मानना है कि गूगल कुछ बीमारियों के बारे में जानकारी हासिल करने के लिए काफ़ी सहयोगी सिद्ध हो सकता है.
गूगल इंटरनेट पर सबसे लोकप्रिय सर्च इंजन है जिस पर चिकित्सा विज्ञान से जुड़े करीब तीन अरब लेख पढ़े जा सकते हैं.
ब्रिसबेन के प्रिंसेज़ एलेक्जेंड्रा अस्पताल में किए गए अध्ययन में रोगों का सही लक्षण जाने बिना हर मामले में डॉक्टरों ने तीन-चार शब्दों को गूगल पर खोजा.
खोज के परिणामों को जब पहले खोजे गए परिणामों के साथ मेल कराया गया गया तो करीब आधे से ज़्यादा मामलों में परिणाम एक जैसे थे.
शोध टीम का नेतृत्व कर रहे डॉ हांगवी तांग ने कहा कि गूगल रोगों के लक्षण और निदान पता करने में बहुत उपयोगी साबित हो सकता है.
हालाँकि उन्होंने यह भी कहा कि इसमें विशेषज्ञता की ज़रूरत है इसलिए मरीज़ ख़ुद अपना इलाज करने की कोशिश न करें.
उन्होंने कहा," अब छोटी से छोटी मेडिकल से जुड़ी जानकारी भी गूगल सर्च से चंद मिनटों में पाई जा सकती है."
लेकिन रॉयल कॉलेज ऑफ़ जनरल प्रेक्टिसनर्स के अध्यक्ष मयूर लखानी का कहना है," इंटरनेट डॉक्टरों की जगह नहीं ले सकता. किसी भी मामले में डॉक्टरों की एक्सपर्ट राय ज़रूर लेनी चाहिए."
मरीजों की एक संस्था "पेसेंट ऐसोशिएसन" की प्रवक्ता कहना था कि जहाँ तक बीमारियों के लक्षण पता करने की बात है तो डॉक्टरों को ज़्यादा जानकारी होती है.अगर डॉक्टर वेबसाइट पर निर्भर हो जाएगें तो मरीजों को काफ़ी परेशानी हो सकती है.
प्रवक्ता ने कहा," इंटरनेट पर कई अच्छी वेबसाइटें हैं लेकिन ऐसी भी वेबसाइटें हैं जिनकी प्रामाणिकता पर विश्वास नहीं किया जा सकता. "