मंगलवार, 23 नवंबर, 2004 को 05:20 GMT तक के समाचार
अगर आप अपने दफ़्तर के काम, ट्रैफिक या बॉस की खिटपिट के कारण बहुत तनाव में हैं तो थोड़ी सी तोड़फोड़ से आपको शायद राहत मिल सकती है.
स्पेन में एक कबाड़ख़ाने ने लोगों को खुली छूट दी है कि वे जो चाहें तोड़ें-फोडें. आप कार, कंप्यूटर, फ़ोन या टेलीविज़न जो चाहें तोड़ सकते हैं.
कबाड़ख़ाने के प्रबंधकों का कहना है कि आधुनिक जीवन के कारण उपजने वाले तनाव से मुक्ति का एक आसान तरीक़ा है कि उससे जुड़ी चीज़ों पर हमला करके अपना ग़ुबार निकाला जाए.
इसे नाम दिया गया है 'डैमेज थेरेपी' लेकिन अफ़सोस की बात ये है कि यह मुफ़्त नहीं है, कबाड़ के बीच खड़े होकर हथौड़े चलाने के लिए आपको लगभग ढाई हज़ार रूपए ख़र्च करने पड़ेंगे.
स्पेन की राजधानी मैड्रिड से लगभग 160 किलोमीटर दूर स्थित इस कबाड़ख़ाने में जाकर 'इलाज कराने वालों' को एक हथौड़ा, आँख बचाने के लिए चश्मा और दस्ताने दिए जाते हैं, साथ में कनटोप में ज़ोरदार रॉक संगीत भी बजता है.
इस इलाज की शुरूआत की है 'स्टॉपस्ट्रेस' नाम की एक संस्था ने, इलाज की अवधि है अधिकतम दो घंटे, लेकिन आयोजकों का कहना है कि लोगों को आधे घंटे में ही तसल्ली मिल जाती है.
राहत
कबाड़ पर अपने ग़ुस्से का गुबार निकालने पहुँचे एक व्यक्ति ने कहा, "मैंने एक कार को चकनाचूर कर दिया क्योंकि मुझे सबसे अधिक तनाव ट्रैफिक के कारण ही होता है."
'स्टॉपस्ट्रेस' के संस्थापकों में से एक जॉर्ज एरीबस कहते हैं, "यहाँ आने वाले लोग समझ नहीं पाते कि क्या करें, वे शुरू में थोड़े से घबराए से होते हैं, लेकिन हम उन्हें प्रेरित करते हैं कि दिल खोलकर तोड़फोड़ करें."
वे कहते हैं, "तोड़फोड़ की इस चिकित्सा के बाद वे लोग बहुत ही शांत और तनावरहित नज़र आते हैं, यह उपाय बिल्कुल काम करता है."
एरीबस बताते हैं, "कई लोग अपने बॉस की तस्वीर भी साथ लाते हैं, उसे कार के ऊपर रखकर हथौड़े से जमकर कुटाई करते हैं."
एक टेलीविज़न इंटरव्यू में मरीनो गार्सिया नाम की एक महिला ने कहा, "यह बेहतरीन है, लाजवाब है, मेरा तो सारा तनाव निकल गया. मैंने एक कार उन सभी हिस्सों को तोड़ डाला जो मुझे तंग करते रहे हैं, मैंने अपना बदला पूरा कर लिया."
इससे पहले कई शोध यह साबित कर चुके हैं कि आधुनिक जीवन के कई उपकरण, यंत्र और साधन तनाव कम करने के बदले तनाव का कारण बन गए हैं.