बुधवार, 01 अप्रैल, 2009 को 02:10 GMT तक के समाचार
रामदत्त त्रिपाठी
बीबीसी संवाददाता, उत्तर प्रदेश
पुलिस का कहना है कि राष्ट्रीय सुरक्षा क़ानून (रासुका) के तहत पीलीभीत जेल में बंद वरुण गांधी को एटा जेल स्थानांतरित कर दिया गया है.
उन्हें कड़ी सुरक्षा के बीच मंगलवार आधी रात को एटा जेल भेजा दिया गया. प्रशासन ने ऐसी कोशिश कि फ़ोटोग्राफर तक उनकी फ़ोटो न ले पाएं.
पीलीपीत ज़िले के पुलिस अधीक्षक प्रकाश डी का कहना था कि सरकार के आदेश पर उन्हें एटा स्थानांतरित किया गया है.
इधर वरुण गांधी के समर्थन में पहले से ही विश्व हिंदू परिषद ने बुधवार को पीलीभीत बंद का आह्वान किया हुआ है.
वरुण गांधी के एटा जेल पहुँचने के बाद वहाँ भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं का जमावड़ा शुरू हो गया है.
भाजपा के प्रत्याशी श्याम सिंह शाक्य के नेतृत्व में भाजपा कार्यकर्ता नारे लगा रहे थे.
भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष रमापति राम त्रिपाठी ने बताया कि वो गुरुवार को एटा जा रहे हैं जहाँ वे जेल में वरुण गांधी से मिलने का प्रयास करेंगे.
भाजपा के वरिष्ठ नेता वैंकया नायडू भी गुरुवार को एटा पहुँच रहे हैं.
राजनीति तेज़
समाजवादी पार्टी के नेता मुलायम सिंह यादव ने आरोप लगाया है कि वरुण गांधी पर रासुका जैसा कड़ा क़ानून लगाने के पीछे उत्तर प्रदेश की मुख्यमंत्री मायावती और भाजपा की मिलीभगत है.
हालांकि बहुजन समाज पार्टी के वरिष्ठ नेता सतीश मिश्रा ने कड़े शब्दों में इस आरोप का ठुकराया है और उन्होंने मुलायम सिंह को भाजपा की बी टीम करार दिया है.
प्रेक्षकों का कहना है कि उत्तर प्रदेश में मायावती सरकार ने वरुण गांधी पर कड़े कदम उठाकर मुसलमानों का समर्थन हासिल करने की कोशिश की है.
अभी तक उत्तर प्रदेश में समाजवादी पार्टी को मुसलमानों के बड़ी संख्या में वोट हासिल होते रहे हैं.
जानकार वरुण को एटा भेजे जाने के भी राजनीतिक अर्थ निकाल रहे हैं क्योंकि इस सीट से कल्याण सिंह लोक सभा उम्मीदवार हैं.
इसके पहले वरुण गांधी ने मुसलमानों के ख़िलाफ़ कथित भड़काऊ भाषण देने के मामले में पीलीभीत की स्थानीय अदालत में समर्पण कर दिया था.
हालांकि भड़काऊ भाषण के मामले में पीलीभीत की स्थानीय अदालत से उन्हें ज़मानत मिल गई थी लेकिन रासुका लगने के कारण वो जेल से बाहर नहीं आ पाए थे.
उत्तर प्रदेश सरकार ने कथित भड़काऊ भाषण के मामले में उन पर रासुका तामील कर दिया था.