मंगलवार, 31 मार्च, 2009 को 03:42 GMT तक के समाचार
पाकिस्तान में तालेबान के प्रमुख नेता बैतुल्ला महसूद ने बीबीसी से बातचीत में स्वीकार किया है कि लाहौर में पुलिस अकादमी पर हुए हमले में उनके गुट का हाथ था.
उनका कहना था,'' पाकिस्तान की मदद से अमरीकी ड्रोन हमारे लोगों को निशाना बना रहे हैं, ये हमला उसके विरोध में किया गया था.''
उन्होंने हाल के दो और हमलों की भी ज़िम्मेदारी ली.
बैतुल्ला महसूद ने कहा,'' हमले तब तक जारी रहेंगे जब तक पाकिस्तान सरकार अमरीकियों की मदद करना बंद नहीं कर देती.''
इसके पहले सोमवार को पाकिस्तान के आंतरिक सुरक्षा मंत्रालय के प्रमुख रहमान मलिक ने बीबीसी संवाददाता से बातचीत में कहा था कि पकड़ा गया चरमपंथी अफ़ग़ान नागरिक है.
उन्होंने भी कहा था कि हमले के पीछे तालेबान नेता बैतुल्ला महसूद के लड़ाकों का हाथ दिख रहा है.
उल्लेखनीय है कि बैतुल्ला महसूद पाकिस्तान के दक्षिणी वज़ीरिस्तान इलाक़े में तालेबान के प्रमुख नेता माने जाते हैं.
हाल में अमरीका ने पाकिस्तान-अफ़ग़ानिस्तान में सक्रिय तालेबान नेता बैतुल्ला महसूद की सूचना देने पर 50 लाख डॉलर का इनाम देने की घोषणा की थी.
पूछताछ जारी
दूसरी ओर पाकिस्तान के सुरक्षा अधिकारियों का कहना है कि लाहौर में पुलिस अकादमी पर हमले के सिलसिले में पकड़े गए कम से कम चार संदिग्ध लोगों से पूछताछ की जा रही है.
इस हमले में आठ चरमपंथियों और आठ पुलिसकर्मियों समेत 18 लोग मारे गए और एक चरमपंथी को पकड़ भी लिया गया था.
इसके पहले रहमान मलिक ने मीडिया से बातचीत में कहा था कि पाकिस्तान के समक्ष दो ही विकल्प है या तो वो तालेबान के ख़िलाफ़ एकजुट होकर संघर्ष करे या फिर तालेबान को पाकिस्तान पर कब्ज़ा कर लेने दे.
उनका कहना था कि पाकिस्तान की एकता इस समय ख़तरे में है.
उल्लेखनीय है कि लाहौर में पुलिस अकादमी पर सोमवार की सुबह क़रीब साढ़े आठ बजे हमला हुआ था और शाम के चार बजे के आसपास सैनिक परिसर पर अपना नियंत्रण स्थापित कर पाए थे.
शाम को टीवी पर दिखाई जा रही तस्वीरों में सैनिक परिसर के छत पर जश्न मनाते देखे गए.
पाकिस्तान में एक महीने से भी कम समय में ये दूसरी बड़ी चरमपंथी घटना घटित हुई है.
कुछ ही दिन पहले चरमपंथियों ने श्रीलंका की क्रिकेट टीम पर भी दिन दहाड़े हमला किया था.