मंगलवार, 27 जनवरी, 2009 को 18:25 GMT तक के समाचार
अमरीका के रक्षा मंत्री रॉबर्ट गेट्स ने कहा है कि अल क़ायदा के ख़िलाफ़ हमले जारी रहेंगे और पाकिस्तान सरकार को इसके बारे में सूचित कर दिया गया है.
अमरीकी रक्षा मंत्री ने कहा, "अल क़ायदा जहाँ भी होगा हम उस पर हमले करेंगे". गेट्स के इस बयान का यही अर्थ है कि पाकिस्तान की सीमा के भीतर मौजूद चरमपंथियों पर हमले जारी रहेंगे.
अमरीकी सेना पाकिस्तानी सीमा के भीतर लगातार मानव रहित ड्रोन विमानों से मिसाइल हमले कर रही है और यह सिलसिला जारी रहने वाला है.
ख़ुफ़िया सूत्रों का कहना है कि शुक्रवार को भी अमरीकी ड्रोन विमानों ने वज़ीरिस्तान में मिसाइल हमले किए थे जिसमें 14 लोग मारे गए थे, यह हमला बुश के सत्ता से हटने के बाद पाकिस्तानी सीमा के भीतर किया गया पहला हमला था.
अमरीकी रक्षा मंत्री ने ज़ोर देकर कहा कि ओबामा प्रशासन की नज़र में "अफ़ग़ानिस्तान सबसे बड़ी अंतरराष्ट्रीय प्राथमिकता है."
रॉबर्ट गेट्स बुश प्रशासन में भी रक्षा मंत्री थे और ओबामा ने उन्हें पद पर बनाए रखने का फ़ैसला किया है.
पिछले ही दिनों अफ़ग़ानिस्तान में तीन हज़ार अमरीकी सैनिक तैनात किए गए हैं, अमरीका 30 हज़ार सैनिकों को अफ़ग़ानिस्तान भेजने की योजना मंज़ूर कर चुका है और पहले ही उसके 34 हज़ार सैनिक वहाँ मौजूद हैं.
सीनेट की रक्षा मामलों की समिति के सामने गेट्स ने कहा कि और अमरीकी सैनिकों की तैनाती गर्मियों के मौसम में की जा सकती है लेकिन उसके लिए आधारभूत सुविधाओं को और बेहतर बनाना होगा.
अमरीकी रक्षा मंत्री ने कहा कि "इराक़ और अफ़ग़ानिस्तान की समस्या सिर्फ़ सैनिक कार्रवाई से नहीं सुलझाई जा सकती, उनके लिए राजनीतिक प्रयास भी करने पड़ेंगे."
गेट्स ने कहा कि इराक़ में हिंसा में कमी आई है लेकिन आने वाला समय इराक़ में अमरीकी सैनिकों के लिए कठिन हो सकता है.