शनिवार, 25 अक्तूबर, 2008 को 22:02 GMT तक के समाचार
श्रीलंका से मिल रही ख़बरों के मुताबिक देश के उत्तरी हिस्से में श्रीलंका सेना और तमिल विद्रोहियों के बीच भीषण लड़ाई चल रही है.
श्रीलंका के रक्षा मंत्रालय की ओर से बताया गया है कि श्रीलंका सेना ने तमिल विद्रोही संगठन एलटीटीई के प्रभाव वाले क्षेत्र में दो अलग-अलग हमले किए हैं.
ये हमले अक्करायनकुलम और इरनामऊ के इलाकों में हुए हैं. दोनों ही इलाके तमिल विद्रोहियों के मुख्यालय वाले इलाके किलिनोच्चि से लगे हुए हैं.
हालांकि सेना की ओर से इस बारे में कुछ नहीं बताया गया है कि इन हमलों में कितने तमिल विद्रोही या लोग हताहत हुए हैं.
तमिल विद्रोहियों ने कहा है कि सेना की ओर से हुए हमले में दो आम नागरिकों की जानें गई हैं.
अभी तक इस बात की निष्पक्ष तौर पर पुष्टि नहीं हो सकी है कि सेना के ताज़ा हमलों में कितने लोग हताहत हुए हैं.
उधर चिकित्सकों की ओर से इस बात की पुष्टि हुई है कि किलिनोच्चि के मुख्य चिकित्सालय के परिसर को ताज़ा हमले में नुकसान पहुँचा है और परिसर के अंदर इस हमले के चलते अफ़रातफ़री का माहौल पैदा हो गया था.
स्थिति गंभीर
ग़ौरतलब है कि स्वायत्तता की मांग कर रहे तमिल विद्रोहियों और श्रीलंका की सेना के बीच पिछले दो दशकों से ज़्यादा समय से संघर्ष जारी है.
श्रीलंका सरकार स्वायत्ता के प्रश्न को खारिज करते हुए तमिल विद्रोहियों के हिंसक विरोध को रोकना चाहती है. उधर तमिल विद्रोही लगातार सेना और श्रीलंका सरकार के ख़िलाफ़ हिंसक कार्रवाई करते रहे हैं.
पिछले कुछ महीनों में सेना के तमिल विद्रोहियों के ख़िलाफ़ अभियान में तेज़ी आई है. इस दौरान उत्तरी श्रीलंका के तमिल विद्रोहियों के प्रभाव वाले इलाकों को सेना ने अपने हमलों का निशाना बनाया है.
तमिल विद्रोहियों को सेना की इन कार्रवाइयों में काफी नुकसान भी हुआ है पर इस दौरान आम नागरिकों की भी मौत हुई हैं.
कुछ अंतरराष्ट्रीय मानवाधिकार संस्थाओं ने इन हमलों में आम नागरिकों के मारे जाने के मुद्दे पर श्रीलंका सरकार की आलोचना भी की है.
उधर भारत में भी तमिलनाडु राज्य के राजनीतिक दलों की ओर से केंद्र सरकार पर इस बात के लिए लगातार दबाव बनाया जा रहा है कि केंद्र सरकार श्रीलंका की सरकार से तमिल बाहुल्य इलाकों में हमलों को लगाम लगाने के लि कहे.