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सोमवार, 29 सितंबर, 2008 को 15:20 GMT तक के समाचार

रामदत्त त्रिपाठी
बीबीसी संवाददाता, लखनऊ

लखनऊ में संदिग्ध चरमपंथी की गिरफ़्तारी

उत्तर प्रदेश पुलिस ने हाल में हुए बम धमाकों में शामिल एक संदिग्ध चरमपंथी को गिरफ़्तार करने का दावा किया है.

उत्तर प्रदेश के पुलिस महानिदेशक विक्रम सिंह ने संवाददाता सम्मेलन में कहा कि आतंकवाद निरोधक दस्ते ने आरिफ़ उर्फ़ अब्दुल कादिर को लखनऊ के चारबाग रेलवे स्टेशन से गिरफ़्तार किया है.

पुलिस का कहना है कि आरिफ़ इंडियन मुज़ाहिदीन का सदस्य है. उल्लेखनीय है कि इंडियन मुजाहिदीन नामक संगठन ने भारत में हाल में हुए बम धमाकों की ज़िम्मेदारी ली थी. दिल्ली में इस महीने हुए सिलसिलेवार बम धमाकों की ज़िम्मेदारी भी इसी संगठन ने ली थी.

पुलिस के मुताबिक आरिफ़ उत्तर प्रदेश के आज़मगढ़ का रहने वाला है. पुलिस उसे दिल्ली के जामिया नगर में कथित चरमपंथियों के साथ हुए मुठभेड़ मे गिरफ़्तार मोहम्मद सैफ़ का साथी बता रही है.

इस मुठभेड़ में दो संदिग्ध चरमपंथियों की मौत हो गई थी और एक को गिरफ़्तार किया गया था.

आज़मगढ़ के संजरपुर गाँव में मोहम्मद सैफ़ के साथियों की गिरफ़्तारी के लिए दिल्ली पुलिस ने छापे मारे थे.

आज़मगढ़ के मुस्लिम बहुल इलाक़े सरायमीर से पुलिस ने अभी तक क़रीब 12 युवकों को गिरफ़्तार किया है.

पुलिस का कहना है कि संदिग्ध चरमपंथी मोहम्मद आरिफ़ ने स्वाकीर किया है कि इंडियन मुजाहिदीन बांग्लादेश में स्थित चरमपंथी संगठन हूजी के साथ मिलकर काम करता है.

पुलिस के मुताबिक 26 जुलाई को अहमदाबाद में हुए बम धमाकों में शामिल होने की बात आरिफ़ ने कबूल की है. इस धमाके में 50 लोगों की मौत हो गई थी.

उत्तर प्रदेश पुलिस का कहना है कि चरमपंथियों को गिरफ़्तार करने में वे दूसरे राज्यों की पुलिस से भी सहायता ले रही है.

खंडन

उधर संजरपुर गाँव के लोगों ने इस बात का खंडन किया है कि वहां के युवा चरमपंथी गतिविधियों में लिप्त हैं.

उनका कहना है कि उच्च शिक्षा के लिए गाँव के युवा शहरों में जाते हैं जहाँ पुलिस उन्हें 'फँसा' रही है.

सैफ़ के पिता शादाब का कहना है कि मेडिकल परीक्षा की तैयारी करने के लिए आरिफ़ लखनऊ गया था.

दिल्ली के जामिया नगर में हुई मुठभेड़ को लेकर कई मनावाधिकार समूहों ने सवाल उठाए हैं.

समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता शिवपाल सिंह के नेतृत्व में एक लोक जाँच समिति ने सोमवार को संजरपुर गाँव का दौरा किया और गाँव वालों के साथ अपनी सहानुभूति जताई.

उधर गाँव वालों ने दिल्ली में चरमपंथियों के साथ हुए मुठभेड़ के सिलसिले में न्यायिक जाँच की अपना माँग को दोहराया है.