बुधवार, 18 जून, 2008 को 20:01 GMT तक के समाचार
मूसलाधार वर्षा के कारण उड़ीसा और पश्चिम बंगाल में बाढ़ आ गई है.
उत्तरी उड़ीसा में कई नदियों में पानी खतरे के निशान से बहुत ऊपर बह रहा है.
स्थानीय समाचार माध्यमों के अनुसार अब तक चार लोग मर चुके हैं. सरकारी सूत्र केवल एक मृत्यु की पुष्टि कर रहे हैं. राज्य के मयूरभंज और बालेश्वर ज़िले बाढ़ से अब तक सबसे ज़्यादा प्रभावित हुए हैं.
यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ है और पानी के तेज़ बहाव के कारण कई जगह सडकें बुरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गई हैं. राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या 60 पर बाढ़ के कारण कई मीटर गहरी खाई बन गई है जिसके कारण भुवनेश्वर और कोलकाता के बीच यातायात पूरी तरह से ठप्प हो गया है.
मौसम विभाग के अनुसार बंगाल की खाड़ी में बने कम दबाव के क्षेत्र के चलते अगले 24 घंटों में उड़ीसा में और बारिश हो सकती है.
उड़ीसा के राजस्व मंत्री मनमोहन सामल के अनुसार राज्य सरकार ने भारतीय वायुसेना को तैयार रहने को कहा है. सामल ने बताया की राज्य के लगभग डेढ़ लाख लोग बाढ़ से प्रभावित हैं.
पश्चिम बंगाल
उधर पश्चिम बंगाल में भारी वर्षा की वजह से पश्चिम मिदनापुर में भी हालात ख़राब हैं.
मंगलवार अचानक आई बाढ़ में तृणमूल कांग्रेस की अध्यक्षा ममता बनर्जी के निकट साथी बह गए थे. राज्य सरकार ने तट रक्षक बल से अपने गोताखोरों को तृणमूल नेता गोपाल बसु और उनके दो अन्य साथियों की खोज करने को कहा है.
बसु और उनके साथी सड़क मार्ग से कल उड़ीसा से पश्चिम बंगाल आते समय एक पुल पर फंस गए थे. बचाव के लिए आए पुलिसकर्मियों ने पुल की रेलिंग से बाँध कर रस्सा फेंका. जिसकी मदद से चार लोग बाहर आ गए पर बसु और अन्य दो के आने के पहले रेलिंग टूट कर बह गई और तीन लोग बह गए.
भीषण वर्षा और कई जगह बाढ़ की वजह से बिजली आपूर्ति के भी प्रभावित होने की ख़बरें आ रही हैं.