शनिवार, 07 जून, 2008 को 00:12 GMT तक के समाचार
नारायण बारेठ
बीबीसी संवाददाता, राजस्थान
राजस्थान में आंदोलन कर रहे गूजर नेताओं ने बातचीत के लिए राज्य सरकार के समक्ष नई शर्त रखी है. उन्होंने कहा है कि वार्ता बयाना में होनी चाहिए.
इससे पहले गूजर नेता बातचीत के लिए राज़ी हो गए थे लेकिन इस मसले पर शुक्रवार को हुई बैठक के बाद उन्होंने कहा है कि वो कोई भी बातचीत बयाना में ही करेंगे.
बयाना के पीलूपुरा में सैंकड़ों की संख्या में गूजर अभी भी आंदोलन कर रहे हैं और सड़कों पर बैठे हुए हैं.
इस बीच सिकंदरा में पुलिस फ़ायरिंग में मारे गए बीस लोगों के शवों के साथ आंदोलन कर रहे गूजरों ने कहा है कि वो कांग्रेस नेता सचिन पायलट के आने तक इन शवों का दाह संस्कार नहीं करेंगे.
पिछले दिनों काफी कोशिशों के बाद इन शवों का पोस्टमॉर्टम किया गया था.
नई शर्तें
इससे पहले राज्य सरकार ने प्रशासनिक आदेश जारी कर सचिन पायलट को वहाँ जाने से रोक दिया था.
गूजरों ने राज्य सरकार से दो विधायकों प्रह्लाद मुंजल और अतर सिंह भडाना को जेल से रिहा करने की शर्त भी रखी है. ये दोनों सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी के ही विधायक हैं.
इस बीच जयपुर और दिल्ली के बीच कई दिनों के बाद रेल यातायात शुक्रवार शाम से बहाल हो गया. पुलिस ने रेलमार्ग पर आंदोलन कर रहे लोगों के जबरन हटा दिया है.
अब उम्मीद की जा रही है कि गूजर नेताओं की नई शर्तों पर शनिवार को विचार किया जाएगा और बातचीत की नई पहल की जाएगी.