शनिवार, 31 मई, 2008 को 14:07 GMT तक के समाचार
बांग्लादेश में वकीलों का कहना है कि पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना पर लगे भ्रष्टाचार संबंधी मुकदमे के महत्वपूर्ण कागज़ात दीमक चाट गई है.
उनका कहना है कि उनमें से बहुत से कागज़ों को अब पढ़ा नही जा सकता.
इस बात की अधिकारिक पुष्टि जज के सामने हो सके इसके लिए कीड़ों की खाई गई फाइलों को अदालत में पेश किया गया.
शेख हसीना कई प्रकार के मुकदमों का सामना कर चुकी हैं. ताज़ा मामले में उन पर एक विद्युत टेंडर को ग़लत तरीके आवंटन करने का आरोप है.
कई पन्ने नष्ट
विशेष अदालत में जिरह के दौरान बचाव पक्ष के वकीलों ने बताया है कि टेंडर के कई पन्ने नष्ट हो चुके हैं. वहीं अभियोजन पक्ष के वकील का तर्क है कि फ़ाइल के केवल कवर पेज को ही दीमक ने नुकसान पहुंचाया है.
अभियोजन पक्ष के वकीलों ने यह जानने की मांग की है कि फ़ाइल को जानबूझ कर नष्ट किया गया है या फिर यह लापरवाही का नतीजा है. फ़िलहाल अदालत ने सुनवाई को तीन जून तक के लिए स्थगित कर दिया है.
ग़ौरतलब है कि हसीना करीब दस से ज्यादा जबरपन वसूली और अपने अधिकार का दुरुपयोग करने जैसे मुकदमों का सामना कर रही हैं. जबकि उनकी प्रतिद्वंधी रही बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी की नेता ख़ालिदा ज़िया पर घूस लेने का आरोप है. दोनों नेताओं ने इन आरोपों को सिरे से खारिज किया है.
चुनाव
इस महीने के पहले वहां की अंतरिम सरकार का कहना है कि आम चुनाव इसी साल दिसंबर माह के तीसरे हफ़्ते में कराए जाएंगे. लेकिन सही दिन का तय किया जाना अभी बाकी है.
ग़ौरतलब है कि बांग्लादेश में पिछले साल जनवरी में मतदान होना तय था लेकिन राजनैतिक हिंसा और अस्थिरता के बाद वहां इमरजेंसी लगा दी गई.
बीएनपी और आवामी लीग समेत बांग्लादेश की सभी पार्टियों को वार्ता की मेज पर बुलाया गया है.
गौरतलब है बांग्लादेश में पिछले 16 महीनों से इमरजेंसी लगी हुई है इस दौरान वहां सैकड़ों नैताओं को भ्रष्टाचार के आरोपों में गिरफ़्तार किया जा चुका है.