गुरुवार, 29 मई, 2008 को 23:42 GMT तक के समाचार
बीएस येदियुरप्पा शुक्रवार को दोपहर बाद कर्नाटक के मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे.
इसके साथ ही दक्षिण भारत में पहली बार भारतीय जनता पार्टी की पहली सरकार स्थापित हो जाएगी.
हालांकि कर्नाटक में राष्ट्रपति शासन लगाए जाने से पहले भी येदियुरप्पा ने एक बार शपथ ली थी लेकिन उसे जेडीएस का बाहर से समर्थन था और वह सरकार बहुमत साबित करने से पहले ही गिर गई थी.
संभावना जताई जा रही है कि येदियुरप्पा के साथ उनके 20 मंत्री भी शपथ लेंगे.
पिछले दिनों हुए चुनाव के बाद कर्नाटक में भाजपा सबसे बड़ी पार्टी के रुप में उभरी थी और उसे 224 सदस्यों वाले विधानसभा में 110 सीटें मिली थीं.
सरकार बनाने के लिए आवश्यक समर्थन जुटाने के लिए भाजपा ने छह निर्दलीय विधायकों की ओर हाथ बढ़ाया है.
बंगलौर से स्थानीय पत्रकार भास्कर हेगड़े का कहना है कि इन छहों निर्दलीय विधायकों को मंत्री बनाने की बात तय हो चुकी है और इन सभी को कैबिनेट मंत्री बनाया जाना है.
सरकार के स्थायित्व को लेकर भास्कर हेगड़े का मानना है, "कांग्रेस और जेडीएस की जो स्थित है उसमें लगता नहीं कि सरकार को अस्थिरता का कोई ख़तरा होगा."
विधानसभा भंग करने के बाद हुए चुनाव में भारतीय जनता पार्टी को 110, कांग्रेस को 80, जनता दल (सेक्युलर) को 28 और निर्दलीय प्रत्याशियों को छह सीटों पर जीत हासिल हुई है.
इन चुनावों में सबसे ज़्यादा नुक़सान देवेगौड़ा की पार्टी जेडीएस को हुआ है.
पिछले चुनावों में 58 सीटों के साथ सत्ता के समीकरण तय करनेवाली यह पार्टी इस बार केवल 28 सीटों पर ही जीत हासिल कर पाई है.