शनिवार, 10 मई, 2008 को 13:43 GMT तक के समाचार
केंद्र में सत्तारूढ़ कांग्रेस पार्टी और संसद से इसी सप्ताह इस्तीफ़ा दे चुके पूर्व केंद्रीय मंत्री अखिलेश दास उत्तर प्रदेश में सरकार चला रही बहुजन समाज पार्टी में शामिल हो गए हैं.
एक समारोह में दास ने बसपा में शामिल होने की घोषणा की जिसमें बसपा प्रमुख और उत्तर प्रदेश की मुख्यमंत्री मायावती भी मौजूद थीं.
मायावती ने अपनी पार्टी में दास का स्वागत किया है और पार्टी में प्रवेश के साथ ही उन्हें बसपा का राष्ट्रीय महासचिव बनाया गया है.
मायावती ने दास को अगले आम चुनाव में लखनऊ संसदीय सीट से चुनाव लड़ाने की घोषणा की है.
दास ने मंगलवार को ही कांग्रेस से इस्तीफ़ा दे दिया था.
राहुल पर निशाना
अपने इस्तीफ़े में दास ने कांग्रेस महासचिव राहुल गाँधी को "चौकड़ी" से घिरा बताया था और पार्टी छोड़ने के लिए इसी "चौकड़ी" को जवाबदेह ठहराया था.
कुछ दिन पहले प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने अपने मंत्रिमंडल के पुनर्गठन में दास को मंत्रिमंडल से बाहर का रास्ता दिखा दिया था.
राज्यसभा में कांग्रेस के सांसद रहे दास ने यह कहकर लोगों को स्तब्ध कर दिया था कि कांग्रेस पार्टी में उनकी कोई आस्था नहीं है.
राहुल पर हमला करते हुए अखिलेश दास ने कहा था, "युवराज के चारों ओर चापलूसों का जमघट लगा रहता है और यदि वे किसी से नाराज़ हों तो उस व्यक्ति को परेशानी उठानी पड़ती है."
कांग्रेस पार्टी ने इन आरोपों को सिरे से ख़ारिज किया था.