बुधवार, 19 मार्च, 2008 को 10:29 GMT तक के समाचार
भारत के विदेश मंत्री प्रणब मुखर्जी ने संसद में कहा है कि पाकिस्तान में क़ैद भारतीय बंधी सरबजीत सिंह की फाँसी 30 अप्रैल तक टाल दी गई है.
विदेश मंत्री ने कहा कि कोशिशें जारी हैं कि सरबजीत सिंह को बचाया जा सके.
उन्होंने बताया कि इस्लामाबाद में भारतीय उच्चायोग को पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय ने बता दिया है कि राष्ट्रपति परवेज़ मुशरर्फ़ ने सरबजीत सिंह की फाँसी टाल दी है.
सरबजीत सिंह को रिहा किए जाने के लेकर कई पक्षों की ओर से कोशिश जारी है.
सोमवार को सरबजीत की बहन दलबीर कौर दिल्ली में थीं. दलबीर कौर ने कांग्रेस महासचिव और सांसद राहुल गाँधी से मुलाक़ात की थी. राहुल गांधी ने उन्हें भरोसा दिलाया था कि वो इस मामले में उनकी मदद करने के भरसक प्रयास करेंगे.
वहीं शिरोमणी अकाली दल के अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल ने भी प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह से इस बारे में मुलाक़ात की थी.
फाँसी की सज़ा
कुछ दिन पहले पाकिस्तान से समाचार एजेंसियों में ख़बरें आईं थी कि सरबजीत सिंह को अगले महीने एक अप्रैल को फाँसी दे दी जाएगी.
भारती के सरबजीत सिंह को पाकिस्तान में वर्ष 1990 में हुए बम धमाकों के सिलसिले में गिरफ़्तार किया गया था और फिर उन्हें मौत की सज़ा सुनाई गई थी.
वर्ष 1991 से पाकिस्तान की जेल में सज़ा काट रहे सरबजीत की मौत की सज़ा माफ़ किए जाने और उसे वापस भारत आने देने के लिए अपील की जाती रही है.
पर पाकिस्तान सरकार ने क्षमादान की याचिका को ख़ारिज करते हुए सरबजीत की मौत की सज़ा बरकरार रखी.
पिछले दिनों पाकिस्तान सरकार ने एक अन्य भारतीय क़ैदी कश्मीर सिंह को मानवीय आधार पर रिहा कर दिया था.
कश्मीर सिंह पर भी पाकिस्तान में जासूसी का आरोप था और वो 35 साल से पाकिस्तान की जेलों में सज़ा काट रहे थे.
जब पाकिस्तान सरकार से कश्मीर सिंह को क्षमादान देने की अपील की गई थी तो उनकी अपील के साथ सरबजीत की भी क्षमादान याचिका राष्ट्रपति परवेज़ मुशर्रफ़ को भेजी गई थी.
कश्मीर सिंह को तो रिहा कर दिया गया लेकिन सरबजीत सिंह की क्षमा याचिका रद्द कर दी गई.