शुक्रवार, 14 मार्च, 2008 को 13:44 GMT तक के समाचार
चर्चित शशिकांत झा हत्याकांड का मामला एक बार फिर से सिर उठा रहा है और इस बार सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में अभियुक्त रहे शिबू सोरेन और चार अन्य लोगों को नोटिस जारी किया है.
शुक्रवार को शशिकांत झा की मां, प्रियंवदा की याचिका के आधार पर सुप्रीम कोर्ट ने इस हत्याकांड में बरी किए जा चुके झारखंड मुक्ति मोर्चा के प्रमुख और पूर्व केंद्रीय मंत्री शिबू सोरेन को नोटिस जारी कर दिया है.
इसके अलावा चार अन्य अभियुक्तों और केंद्रीय जाँच ब्यूरो को भी सुप्रीम कोर्ट ने नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है.
ग़ौरतलब है कि पिछले वर्ष दिल्ली हाईकोर्ट ने शशिकांत झा हत्याकांड मामले में शिबू सोरेन और चार अन्य अभियुक्तों के ख़िलाफ़ पर्याप्त सबूत न होने के आधार पर उन्हें बरी कर दिया था.
हाईकोर्ट के इस फ़ैसले को शशिकांत झा की मां ने सुप्रीम कोर्ट में दायर एक याचिका में चुनौती दी थी.
याचिका में शशिकांत झा की माँ ने कहा था कि इस हत्याकांड के मामले में कुछ कमियां रह जाने भर से सभी अभियुक्तों को बरी नहीं किया जा सकता.
मामला
हालाँकि निचली अदालत ने इस मामले में सोरेन को उम्र क़ैद की सज़ा सुनाई थी लेकिन निचली अदालत के फ़ैसले को उलटते हुए हाईकोर्ट ने उन्हें बरी कर दिया था.
उल्लेखनीय है कि शशिनाथ झा एक समय में शिबू सोरेन के निजी सचिव हुआ करते थे. 1994 में शशिनाथ झा दिल्ली के धौला कुआं इलाक़े से गायब हुए थे.
इसकी जाँच सीबीआई को सौंपी गई और इसके बाद रांची के नगड़ी में कुछ नरकंकाल मिले थे.
हालाँकि इन नरकंकालों की डीएनए जाँच से स्पष्ट नहीं हो पाया कि ये नरकंकाल शशिनाथ झा के हैं या नहीं.
इसके बावजूद सीबीआई की विशेष अदालत ने शिबू सोरेन को सज़ा सुनाई थी.