बुधवार, 27 फ़रवरी, 2008 को 02:00 GMT तक के समाचार
अमरीकी रक्षामंत्री राबर्ट गेट्स ने उम्मीद जताई है कि भारत असैनिक परमाणु समझौते के रास्ते में आने वाली बाधाओं को दूर कर लेगा.
दो दिनों की भारत यात्रा पर मंगलवार को दिल्ली पहुँचे गेट्स ने यह भी स्पष्ट किया है कि असैनिक परमाणु समझौता हो या न हो, लेकिन भारत और अमरीका के बीच सामरिक समझौते जारी रहेंगे.
उन्होंने कहा कि सामरिक समझौते स्वतंत्र समझौते हैं.
समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक़ अमरीकी रक्षा मंत्री ने कहा, "यक़ीनन हमें उम्मीद है कि असैनिक परमाणु समझौते को लेकर भारत वह सब कर लेगा जो उसे करना है ताकि हम वह सब कर सकें जो आगे हमें करना है."
एपी के अनुसार रॉबर्ट गेट्स ने कहा है कि उनकी यात्रा शुरु होने के दिन भारत के मिसाइल परीक्षण करने से वे चिंतित नहीं है.
उन्होंने कहा कि पिछले बरसों में भारत और अमरीका के बीच सामरिक समझौते जिस तरह से मज़बूत हुए हैं उससे वे प्रभावित हैं.
रॉबर्ट गेट्स की इस यात्रा को काफ़ी महत्वपूर्ण माना जा रहा है.
मंगलवार को उन्होंने प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह और विदेश मंत्री प्रणव मुखर्जी से मुलाक़ात की है और बुधवार को उनकी मुलाक़ात रक्षामंत्री एके एंटोनी से होने की संभावना है.
वे विपक्ष के नेता लालकृष्ण आडवाणी से भी मिलने वाले हैं.
विशेषज्ञों का कहना है कि भारत में हथियारों का बाज़ार काफ़ी बड़ा है और रॉबर्ट गेट्स अमरीकी कंपनियों के लिए खुली लॉबिंग ज़रुर करेंगे.
पत्रकार शांतनु गुहा रे का कहना है कि सैन्य सौदों के अलावा रॉबर्ट गेट्स की नज़र सैन्य समझौतों पर रहेगी क्योंकि अब भारतीय कंपनियाँ सैन्य सामग्री के उत्पादन की ओर जा रही हैं और वे अमरीकी कंपनियों से समझौता ज़रुर करना चाहेंगीं.