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शनिवार, 23 फ़रवरी, 2008 को 10:05 GMT तक के समाचार

श्रीलंका में बस धमाका, 18 घायल

श्रीलंका में सैन्य अधिकारियों के मुताबिक राजधानी कोलंबो के पास बस में हुए धमाके में कम से कम 18 लोग घायल हो गए हैं.

किसी ने धमाके की ज़िम्मेदारी नहीं ली है लेकिन श्रीलंका सेना ने तमिल विद्रोहियों को ज़िम्मेदार ठहराया है. ये धमाका माउंट लविनिया के एक बस स्टॉप पर हुआ.

ब्रिगेडर उदय नानायकरा ने बताया कि एक महिला ने बस में संदिग्ध पार्सल देखा.

महिला ने बस के ड्राइवर और कन्डक्टर को सावधान किया और उसके बाद बस में सवार लोगों को उतारना शुरु कर दिया गया.

थोड़ी देर बाद ही बस में ज़ोर का धमाका हुआ और बस को काफ़ी नुकसान पहुँचा.

रॉयटर्स के मुताबिक, "सबको बस से उतार दिया गया. ड्राइवर ने बस को बस स्टॉप से 10-15 किलोमीटर दूर खड़ा किया. किसी की मौत नहीं हुई.सबकी प्रशंसा की जानी चाहिए."

ब्रिगेडर उदय नानायकरा ने कहा कि महिला की सर्तकता के कारण कई लोगों की जान बच गई.

नागरिकों की मौत

पिछले महीने श्रीलंका सरकार ने तमिल विद्रोहियों से संघर्षविराम औपचारिक रूप से ख़त्म कर दिया था. उसके बाद लगातार कई बसों में धमाके किए गए हैं.

उत्तरी श्रीलंका में विद्रोहियों के पास कई इलाक़े है और वहाँ भी लड़ाई चल रही है.
सरकार का कहना है कि संघर्षविराम ख़त्म होने के बाद से रोज़ हो रही लड़ाई में हज़ार से भी ज़्यादा विद्रोही मारे जा चुके हैं जबकि 83 सैनिक और पुलिसकर्मियों की मौत हुई है.

पिछले हफ़्ते अंतरराष्ट्रीय रेड क्रॉस ने कहा था कि घायल या मारे गए नागरिकों की संख्या बहुत बढ़ गई है, इस साल 180 लोग मारे जा चुके हैं.

लिबरेशन टाइगर्स ऑफ़ तमिल इलम यानी एटीटीई 1983 के बाद से ही तमिलों के लिए अलग राष्ट्र की माँग करता रहा है. इनका कहना है कि श्रीलंका सरकार तमिलों के प्रति भेदभाव करती रही है.

संवाददाताओं के मुताबिक सरकार और विद्रोहियों के बीच लड़ाई में 70 हज़ार से ज़्यादा लोग मारे जा चुके हैं.