मंगलवार, 25 दिसंबर, 2007 को 16:14 GMT तक के समाचार
नरेंद्र मोदी लगातार तीसरी बार गुजरात के मुख्यमंत्री बन गए हैं. राज्यपाल नवलकिशोर शर्मा ने मंगलवार को उन्हें मुख्यमंत्री पद की शपथ दिलाई.
नरेंद्र मोदी ने अहमदाबाद के सरदार बल्लभ भाई पटेल स्टेडियम में गुजराती भाषा में मुख्यमंत्री पद की शपथ ली.
इस अवसर पर भाजपा नेता लालकृष्ण आडवाणी और पूर्व उपराष्ट्रपति भैंरोसिंह शेखावत, मुरली मनोहर जोशी, शिव सेना नेता मनोहर जोशी और एनडीए नेता जॉर्ज फर्नांडिस आदि उपस्थित थे.
शपथग्रहण के बाद नरेंद्र मोदी और भाजपा नेताओं ने एक वाहन में स्टेडियम का चक्कर लगाया और लोगों का अभिवादन स्वीकार किया.
भारतीय जनता पार्टी ने 182 सदस्यों वाली विधान सभा में 117 सीटों पर जीत हासिल की है. विपक्षी दल कांग्रेस को 59 सीटें मिली हैं.
राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि गुजरात में भाजपा की जीत के बाद राष्ट्रीय स्तर पर 18 महीनों बाद होने वाले आम चुनावों के लिए पार्टी का मनोबल बढ़ेगा.
तीसरी बार शपथ
नरेंद्र मोदी 2001 में पहली बार मुख्यमंत्री बने थे और उनके नेतृत्व में भाजपा ने 2002 और फिर 2007 में विधानसभा चुनाव लड़ा और जीता है.
वर्ष 2001 में मोदी उस समय मुख्यमंत्री बने थे जब तत्कालीन मुख्यमंत्री केशुभाई पटेल ने कार्यकाल पूरा किए बिना इस्तीफ़ा दे दिया था.
भाजपा नेताओं का कहना है कि 25 दिसंबर पार्टी के वरिष्ठ नेता अटल बिहारी वाजपेयी का जन्मदिन है और इसीलिए इस दिन शपथ समारोह रखा गया.
इससे पहले सोमवार को पार्टी के नवनिर्वाचित विधायकों ने गांधीनगर में हुई बैठक में नरेंद्र मोदी को नेता चुना गया.
गांधीनगर के टाउन हॉल में हुई इस बैठक में वरिष्ठ नेता वजूभाई ने नरेंद्र मोदी के नाम का प्रस्ताव किया जिसका फकीर वाघेला, मंगूभाई पटेल और अन्य कई नेताओं ने समर्थन किया.
इसके बाद भाजपा के सभी विधायकों ने हाथ उठाकर मोदी के प्रति अपना समर्थन व्यक्त किया.
विधायक दल की बैठक के दौरान नरेंद्र मोदी काफ़ी भावुक नज़र आए और विधायकों को संबोधित करते समय उनकी आँखे नम हो गईं. मोदी ने कहा कि वे अपनी पार्टी से बड़े नहीं हैं.
उनका कहना था, "जो लोग कहते हैं कि मोदी पार्टी से बड़े हैं वो भारतीय जनता पार्टी और जन संघ का इतिहास नहीं जानते. बेटा कभी माँ से बड़ा नहीं हो सकता. ये बोलना की मोदी पार्टी से बड़े हैं, ये विकृत मानसिकता है."