गुरुवार, 04 अक्तूबर, 2007 को 13:56 GMT तक के समाचार
कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी का कहना है कि उन पर भारतीय संस्कृति का गहरा प्रभाव है और इस संस्कृति ने उन्हें समन्वय का भाव सिखाया है.
हिंदी पत्रिका आउटलुक मे लिखे एक लेख में सोनिया गांधी ने कहा है कि भारतीय संस्कृति भावना नकारात्मक या अलगाव की न होकर समन्वय की है.
हिंदी में लिखे इस लेख में उन्होंने लिखा है ''मैं पहली बार 1968 में भारत आई थी और तभी से मुझे भारतीय परंपराओं और संस्कृति ने प्रभावित किया. इंदिराजी से मुझे बहुत कुछ सीखने समझने को मिला और मैंने यह जाना कि संस्कृति थोपी नहीं जा सकती. ''
सोनिया ने इस लेख में राजीव गांधी के साथ की गई यात्राओं का भी ज़िक्र किया है और कहा कि इन यात्राओं में उन्हें भारत के बारे में बहुत कुछ जानने को मिला.
उन्होंने इस लेख में बदलती हुई संस्कृति और धर्म पर भी अपनी राय रखी है.
उन्होंने लिखा है कि ' सामाजिक और सांस्कृतिक परिवर्तनों के साथ यह ध्यान रखना है कि अपने धर्म के प्रति ईमानदार तभी माने जाएंगे जब हम दूसरों के उनके धर्म के प्रति आस्था के अधिकार को भी उतनी मान्यता दें जितनी हम अपने धर्म को देते हैं. '
अपने लेख में सोनिया गांधी ने लिखा है कि भारत अब युवाओं का देश है और जिस तरह से युवाओं को देश और विदेश में अवसर मिल रहे हैं उससे उनके जीवन में बदलाव आ रहा है.