गुरुवार, 13 सितंबर, 2007 को 18:42 GMT तक के समाचार
रामदत्त त्रिपाठी
बीबीसी संवाददाता, उत्तरप्रदेश
उत्तर प्रदेश के गोंडा ज़िले में एक रेलवे पुल पर हुए हादसे में कई हिंदू तीर्थयात्रियों की मौत हो गई है.
इनमें से कुछ तो तेज़ गति से आ रही रेलगाड़ी की चपेट में आ गए और कुछ ने इसलिए जान गँवा दी क्योंकि उन्होंने ट्रेन से बचने के लिए नदी में छलांग लगा दी थी.
गोंडा के पुलिस उपमहानिरीक्षक संजय तरडे के मुताबिक़ अभी तक कुल 11 शव बरामद किए जा चुके हैं.
जो 11 लाशें मिली हैं अभी उनकी शिनाख्त नहीं हुई है.
अधिकारियों ने आशंका जताई है कि मरने वालों की संख्या कहीं ज़्यादा हो सकती है क्योंकि जिस वक्त यह दुर्घटना हुई, उस वक्त रेलवे पुल पर लगभग 300 तीर्थयात्री मौजूद थे.
जानकारी के मुताबिक दुर्घटना सरयू नदी पर बने रेलवे पुल पर हुई है. जिस वक्त तेज़ गति से आ रही रेलगाड़ी रेलवे पुल से गुज़री, उस वक्त कई कांवरिए रेलगाड़ी की चपेट में आ गए और कुछ लोग जान बचाने के लिए पुल से नदी में कूद गए.
लापता लोगों की तलाश की जा रही है. अधिकारियों का कहना है कि बचाव दल वहाँ पहुँच चुका है और गोताखोर और नाविक जाल डालकर और लाशों की तलाश कर रहे हैं.
ज़िले के करनैलगंज क्षेत्र में इन दिनों कजरी तीज के मौके पर एक बड़े मेले का आयोजन चल रहा है. इस मौके पर हज़ारों की तादाद में लोग सरयू स्नान और मेले में हिस्सा लेने के लिए यहाँ पहुँचते हैं.
हादसा
गुरुवार की देर शाम हादसा तब हुआ जब सरयू नदी पर बने पुल से गुज़रती एक रेलगाड़ी को कांवरियों ने रोक लिया.
लोगों का कहना है कि कांवरियों ने चेन खींचकर इस रेलगाड़ी को इसलिए रोका ताकि वे जाकर सरयू से पवित्र जल ला सकें और फिर अपनी यात्रा जारी रख सकें.
ऐसा करने के लिए बड़ी तादाद में कांवरिए तीर्थयात्री पुल पर बनी दूसरी रेल पटरी पर चल रहे थे. तभी दूसरी ओर से तेज़ रफ़्तार रेलगाड़ी के कारण यह हादसा हो गया.
पुल पर उस वक्त 300 से ज़्यादा लोग मौजूद थे. अचानक रेलगाड़ी के आ जाने से कई लोगों को संभलने का मौका भी नहीं मिला और इनमें से कुछ रेलगाड़ी की चपेट में आ गए.
कुछ लोगों ने ख़ुद को बचाने के लिए पुल से नदी में छलांग लगा दी.
अधिकारियों का कहना है कि रात लोग बहुत नाराज़ थे लेकिन अब उनकी नाराज़गी कुछ कम हुई है.
उनका कहना है कि कजरी मेला जारी है और प्रशासन को घटनास्थल को संभालने के अलावा हज़ारों संख्या में मेले में आए लोगों के लिए इंतज़ाम भी करना पड़ रहा है.