सोमवार, 20 अगस्त, 2007 को 08:32 GMT तक के समाचार
भारत के उत्तर पूर्वी राज्य मणिपुर के सीमावर्ती इलाक़े में अर्धसैनिक बलों ने छापा मारकर बर्मा और बांग्लादेश के 15 मुस्लिम युवकों को गिरफ़्तार किया है.
मणिपुर में आतंकवाद विरोधी अभियानों के प्रमुख मेजर जनरल बी के चेंगप्पा ने बीबीसी को बताया कि इनका संबंध बर्मा के अराकांस प्रांत में सक्रिय रोहिनग्या चरमपंथियों से हो सकता है लेकिन इसके पुख्ता सबूत नहीं है.
उन्होंने बताया कि गिरफ़्तार युवकों में से दस बर्मा के अराकांस प्रांत के हैं जबकि बाकी बांग्लादेशी नागरिक हैं.
इन सभी को पिछले दो दिनों में अलग अलग छापों में मणिपुर के मोरेह शहर से गिरफ्तार किया गया है.
यह पूछे जाने पर कि क्या इन लोगों का संबंध अल क़ायदा से है तो चेंगप्पा का कहना था ' हमें इस संबंध में किसी प्रकार के सबूत नहीं मिले हैं. अभी ऐसी बात कहना सही नहीं होगा.'
इन गिरफ़्तार मुस्लिम युवकों से कोई हथियार बरामद नहीं हुआ है लेकिन कुछ ऐसे दस्तावेज़ ज़रुर मिले हैं जो ये दर्थाते हैं कि इनका संबंध थाईलैंड में सक्रिय कुछ चरमपंथी संगठनों से हो सकता है.
एक ख़ुफिया अधिकारी ने नाम उजागर न करने की शर्त पर बीबीसी को बताया कि गुप्त जानकारी के अनुसार इन लोगों का संबंध रोहिनग्या चरमपंथियों से है जो दक्षिणी थाईलैंड में सक्रिय है. इसके साथ ही इन लोगों का स्थानीय चरमपंथियों से संबंध होने की भी जांच की जा रही है.
इससे पहले इसी साल मणिपुर के तीन मुस्लिम युवकों को दिल्ली में गिरफ्तार किया गया था जिनका कथित तौर पर लश्कर ए तैय्यबा से संबंध बताया गया था.
मणिपुर की आबादी का सात प्रतिशत हिस्सा मुस्लिम है.