मंगलवार, 24 जुलाई, 2007 को 11:58 GMT तक के समाचार
पाकिस्तान ने कहा है कि वह ओसामा बिन लादेन के ख़िलाफ़ अपने देश के किसी हिस्से पर होने वाले अमरीकी हमले का विरोध करेगा.
पाकिस्तान के विदेश मंत्री खुर्शीद महमूद कसूरी ने कहा है कि उनके देश का जनमत ऐसे किसी हमले को स्वीकार नहीं करेगा.
उन्होंने कहा कि उन्हें इस बात की भी चिंता है कि ओसामा के ख़िलाफ़ अमरीकी कार्रवाई में अनेक निर्दोष नागरिकों की जान जा सकती है.
अमरीका ने कहा था कि ओसामा बिन लादेन को पकड़ने या मारने के लिए अमरीका कुछ भी करने को तैयार है जिसमें पाकिस्तान के क़बायली इलाक़े पर हमला भी शामिल है.
व्हाइट हाउस के प्रवक्ता ने कहा था कि अमरीका पाकिस्तान की संप्रभुता की बात को मानता है लेकिन बुश प्रशासन अपने विकल्प बंद नहीं कर सकता.
पाकिस्तान के विदेश मंत्री ने एक बार फिर दोहराया है कि उनकी जानकारी के मुताबिक़ ओसामा पाकिस्तान में नहीं हैं.
अमरीकी ख़ुफ़िया विभाग के निदेशक माइक मैकॉनेल ने हाल ही में कहा था कि ओसामा उत्तरी पाकिस्तान-अफ़ग़ान सीमा पर पहाड़ी क़बायली इलाक़े में छिपे हैं.
अमरीकी ख़ुफ़िया विभाग की एक ताज़ा रिपोर्ट में कहा गया था कि अल क़ायदा अमरीका के ख़िलाफ़ हमले तेज़ करने की योजना बना रहा है और उसने अमरीका में अपने चरमपंथियों की पहुँचाने की कोशिशें तेज़ कर दी हैं.
जानकारों का कहना है कि अल क़ायदा के लीडरों ने पाकिस्तान के क़बायली इलाक़े में "सुरक्षित ठिकाना" बना लिया है जहाँ से वे अपने संगठन को दोबारा मज़बूत कर रहे हैं.
अमरीका ने 'आतंकवाद के ख़िलाफ़ लड़ाई' में पाकिस्तान को सहयोग देने की बात कही है, वहीं पाकिस्तानी राष्ट्रपति ने चरमपंथ को जड़ से समाप्त करने की वचनबद्धता दोहराई है.
लेकिन अमरीका के ताज़ा बयानों पर पाकिस्तान ने कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की है.