शनिवार, 21 जुलाई, 2007 को 11:45 GMT तक के समाचार
प्रतिभा पाटिल के रूप में भारत को पहली महिला राष्ट्रपति मिली है. राष्ट्रपति चुनाव में प्रतिभा पाटिल ने भैरोंसिंह शेखावत को तीन लाख से ज़्यादा मतों से हराया.
प्रतिभा पाटिल को 6,38, 116 मूल्य के मत मिले, जबकि भैरोंसिंह शेखावत 3,31,306 मत मिले. इस तरह वे भारत की 13वीं राष्ट्रपति चुन ली गई हैं.
जीत के बाद प्रतिभा पाटिल ने कहा कि ये लोगों की जीत है. उन्होंने कहा, "मैं भारत के लोगों का आभार व्यक्त करती हूँ. ये उन सिद्धांतों की जीत है, जिसके लिए भारत जाना जाता है."
प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह और लोकसभा अध्यक्ष सोमनाथ चटर्जी ने राष्ट्रपति चुने जाने पर प्रतिभा पाटिल को बधाई दी है.
सोनिया गांधी ने कहा, "आज़ादी के बाद पहली बार महिला राष्ट्रपति चुनी गई हैं. मैं प्रतिभा पाटिल को समर्थन देने वाले सभी लोगों का धन्यवाद करती हूँ."
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के एबी वर्धन ने प्रतिभा पाटिल की जीत को ऐतिहासिक बताया है. उन्होंने कहा, "ये ऐतिहासिक मौक़ा है. आज़ादी के 60 साल बाद हमें पहली महिला राष्ट्रपति मिली है."
तमिलनाडु के राज्यपाल सुरजीत सिंह बरनाला ने भी राष्ट्रपति चुने जाने पर प्रतिभा पाटिल को बधाई दी है.
समर्थन
प्रतिभा पाटिल को सत्ताधारी संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन, वामपंथी दलों और बहुजन समाज पार्टी का समर्थन हासिल था. दूसरी ओर मौजूदा उपराष्ट्रपति भैरोंसिंह शेखावत निर्दलीय उम्मीदवार के रूप चुनाव में खड़े हुए थे.
उन्हें राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन का समर्थन हासिल था. जयललिता की अन्नाद्रमुक, मुलायम सिंह यादव की समाजवादी पार्टी और अन्य पार्टियों को मिलाकर बने तीसरे मोर्चे ने किसी उम्मीदवार को समर्थन देने से इनकार किया था.
लेकिन इन पार्टियों के विधायकों और सांसदों ने भी मतदान में हिस्सा लिया. एनडीए के प्रमुख घटक दल शिवसेना ने तो खुले रूप में प्रतिभा पाटिल को समर्थन देने की घोषणा कर दी थी.
वर्तमान राष्ट्रपति एपीजे अब्दुल कलाम का उत्तराधिकारी चुने जाने के लिए मतदान गुरुवार को हुआ था.
गुरुवार को संसद और राज्य की विधानसभाओं में हुए मतदान में 682 सांसदों और 3,755 विधायकों ने अपने मतों का प्रयोग किया था.
भारत के इतिहास में इस राष्ट्रपति चुनाव को सबसे विवादित चुनाव कहा गया है जिसमें दोनों प्रत्याशियों के समर्थकों ने एक दूसरे पर जमकर आरोप लगाए.