बुधवार, 11 जुलाई, 2007 को 06:41 GMT तक के समाचार
बांग्लादेश के भ्रष्टाचार निरोधी आयोग (एसीसी) के प्रमुख हसन मसूद चौधरी ने कहा है कि आगामी दिनों में और भी राजनीतिक नेताओं की गिरफ़्तारी हो सकती है.
छह महीने पहले शुरु किए गए इस अभियान के तहत अब तक कोई 200 लोगों से या तो पूछताछ की गई है या फिर वे मुक़दमे की सुनवाई के इंतज़ार में हिरासत में हैं.
इनमें राजनीतिक नेता, अधिकारी और व्यापारी शामिल हैं.
बांग्लादेश की सैन्य समर्थित कार्यवाहक सरकार ने दिसंबर 2008 में आम चुनाव कराने की मंशा ज़ाहिर की है.
सांसद, मंत्री भी गिरफ़्तार
लेकिन इससे पहले वह देश में व्याप्त भ्रष्टाचार के ख़िलाफ़ ज़ोरदार अभियान चलाना चाहती है.
इस अभियान के तहत अभी तक दर्जनों पूर्व सांसदों और पूर्व मंत्रियों को गिरफ़्तार किया था.
ये लोग अब भी सलाखों के पीछे हैं और उन्हें अपने ख़िलाफ़ मामलों की सुनवाई का इंतज़ार है.
चौधरी ने कहा कि उनका मिशन ऐसे लोगों को सज़ा दिलाना है, जिन्होंने अपने पद और अधिकारों का दुरुपयोग किया और जमकर पैसा कमाया.
उन्होंने कहा कि रिश्वतख़ोरों को सज़ा क़ानूनी प्रक्रिया के तहत दिलाई जाएगी.
हालाँकि कुछ पर्यवेक्षकों का मानना है कि ये वक़्त बांग्लादेश में आपातकाल समाप्त करने का है, ताकि आम नागरिकों और भ्रष्टाचार के आरोपों का सामना कर रहे लोगों के मूल अधिकारों को बहाल किया जा सके.
बांग्लादेश में इस साल 22 जनवरी को मतदान होना था, लेकिन भारी हिंसा और धाँधली के आरोपों के बाद उसे स्थगित कर दिया गया.
बांग्लादेश में 11 जनवरी को आपातकाल घोषित किया गया था और उसके बाद हुई हिंसक घटनाओं में कई लोगों की मौत हो चुकी है.