शुक्रवार, 29 जून, 2007 को 14:48 GMT तक के समाचार
पंजाब और हरियाणा उच्च न्यायालय ने हरियाणा में सिरसा से संचालित एक आध्यात्मिक संगठन डेरा सच्चा सौदा के प्रमुख को छह अगस्त तक अंतरिम ज़मानत दे दी है.
मई में पंजाब और हरियाणा में सिखों और डेरा सच्चा सौदा के समर्थकों के बीच तनाव पैदा हुआ था.
सिखों ने डेरा प्रमुख गुरमीत राम रहीम सिंह को एक विज्ञापन में दसवें सिख गुरु गोबिंद सिह की वेशभूषा में दिखाए जाने का विरोध किया था.
डेरा प्रमुख ने इसके बाद दो बार माफ़ी माँगी थी लेकिन सिखों की धार्मिक मामलों की सर्वोच्च संस्था अकाल तख़्त ने इसे ठुकरा दिया था.
पासपोर्ट जमा कराना होगा
ताज़ा घटनाक्रम में पंजाब पुलिस ने डेरा प्रमुख के ख़िलाफ़ सिखों की भावनाओं को ठेस पहुँचाने का एक मामला दर्ज किया था.
पंजाब में बठिंडा ज़िले की एक स्थानीय अदालत ने उनके ख़िलाफ़ ग़ैर-ज़मानती वारंट भी जारी किया था.
भारतीय दंड विधान की जिस धारा के तहत ये वारंट जारी किया गया था उसके अंतरगत राज्य सरकार को गिरफ़्तारी की अनुमति देनी होती है और पंजाब सरकार ने भी उनकी गिरफ़्तारी की इजाज़त दे दी थी.
ऐसा होने पर डेरा सच्चा सौदा की ओर से डेरा प्रमुख की गिरफ़्तारी के वारंट के ख़िलाफ़ एक याचिका पंजाब और हरियाणा उच्च न्यायालय में दायर की गई.
न्यायधीश एलएन मित्तल की अदालत में डेरा प्रमुख की याचिका में पूरे मामले को राजनीति से प्रेरित बताया गया.
डेरा प्रमुख की ओर से ये भी कहा गया कि डेरा प्रमुख ने सिखों की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुँचाने के इरादे से कुछ भी नहीं किया है.
उच्च न्यायालय ने अपने आदेश में जहाँ छह अगस्त तक इस मामले में उन्हें अंतरिम ज़मानत दी वहीं डेरा प्रमुख को आदेश दिया कि वे अपना पासपोर्ट कोर्ट में जमा कराएँ.