सोमवार, 14 मई, 2007 को 12:01 GMT तक के समाचार
गुजरात सरकार ने सोहराबुद्दीन शेख़ फ़र्ज़ी मुठभेड़ मामले में सुप्रीम कोर्ट को गोपनीय रिपोर्ट सौंप दी है. इस पर मंगलवार को सुनवाई होगी.
सुप्रीम कोर्ट ने तीन मई को गुजरात पुलिस को 'फ़र्ज़ी मुठभेड़' मामले की रिपोर्ट दो हफ़्तों के भीतर पेश करने का निर्देश दिया था.
सोहराबुद्दीन शेख़ गुजरात पुलिस के आतंकवाद निरोधी दस्ते (एटीएस) और राजस्थान पुलिस के संयुक्त अभियान में 26 नवंबर 2005 को मारे गए थे.
मामले ने तब तूल पकड़ा जब सोहराबुद्दीन के भाई रोबाबुद्दीन ने सुप्रीम कोर्ट में बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका दायर कर अपने भाई की लापता पत्नी क़ौसर बी को पेश करने के लिए गुजरात पुलिस को निर्देश देने का अनुरोध किया था.
इसके बाद तीन आईपीएस अधिकारियों - डीजी वंजारा, राजकुमार पांडियन और दिनेश कुमार एमएन - को इस मामले में गिरफ़्तार कर लिया गया जो अभी न्यायिक हिरासत में हैं.
बाद में गुजरात पुलिस ने अदालत में माना कि कथित फ़र्जी मुठभेड़ में मारे गए सोहराबुद्दीन की पत्नी क़ौसर बी की हत्या हो चुकी है और उसके शव को जला दिया गया था.
मामले की जाँच फिलहाल गुजरात की अपराध जाँच शाखा यानी सीआईडी कर रही है.
सुप्रीम कोर्ट में मामले की जाँच सीबीआई से कराने की अपील भी की गई थी जिसकी सुनवाई करते हुए अदालत ने कहा था कि गुजरात सरकार की रिपोर्ट मिलने के बाद इस पर विचार किया जा सकता है.
इस मामले ने राजनीतिक रंग ले लिया है और संसद के मौजूदा सत्र में भी इस मामले को उठाया गया.