शनिवार, 24 मार्च, 2007 को 20:58 GMT तक के समाचार
पंजाब में निगरानी विभाग ने पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह के ख़िलाफ़ भ्रष्टाचार का मामला दर्ज किया है.
अमरिंदर सिंह ने इसे राजनीति से प्रेरित बताते हुए राज्य सरकार को उन्हें गिरफ़्तार करने की चुनौती दी है.
पंजाब में हाल ही में सत्ता में आई अकाली-भाजपा गठबंधन की सरकार ने इस मामले में लुधियाना विकास ट्रस्ट के ठेके पर काम कर रही कंपनी के दो अधिकारियों को गिरफ़्तार किया है.
पूर्व स्थानीय निकाय मंत्री चौधरी जगजीत सिंह और लुधियाना विकास ट्रस्ट के पूर्व चेयरमैन परमजीत सिंह पर भी भ्रष्टाचार का मामला चलाया जा रहा है.
पूर्व मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह पर लुधियाना सिटी सेंटर के निर्माण में एक ख़ास पक्ष को गलत तरीक़े से मदद पहुँचाने का आरोप लगाया गया है.
पुलिस ने इस मामले में अभियुक्त बनाए गए लोगों की गिरफ़्तारी के लिए छापेमारी शुरू कर दी है और हवाई अड्डों पर सतर्कता बढ़ा दी गई है. अमरिंदर सिंह अभी लंदन में हैं.
अमरिंदर की सफाई
इस बीच अमरिंदर सिंह ने बीबीसी से बातचीत में मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल पर उन्हें जानबूझ कर फँसाने का आरोप लगाया.
उनका कहना था, "लुधियाना सिटी सेंटर विकास एशिया की सबसे बड़ी बिल्डिंग होगी. इसे बनाने में मेरी सरकार ने पूरी पारदर्शिता रखी. कुछ मामले आए थे जिसे मेरी ही सरकार ने निगरानी विभाग के सुपुर्द किया था."
उन्होंने कहा, "अब बादल सरकार मुझे राजनीति से प्रेरित होकर फँसा रही है. ते मैं भी गिरफ़्तारी के लिए तैयार हूँ. मैं हर मामले में अपनी बात रखूंगा."
अमरिंदर सिंह ने कहा कि उनकी सरकार के समय एक लाख 50 हज़ार करोड़ रुपए की बड़ी परियोजनाओं पर काम हुआ और लुधियाना सिटी सेंटर पर सिर्फ़ कुछ करोड़ रूपए का निवेश होना है.
उन्होंने कहा, "कोई भी बता दे इन मेगा परियोजनाओं में कोई गड़बड़ी हुई हो. अगर भ्रष्टाचार होता इन बड़ी परियोजनाओं में होता."