मंगलवार, 20 फ़रवरी, 2007 को 13:47 GMT तक के समाचार
समझौता एक्सप्रेस में विस्फोट से सिलसिले में पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन के मुख्य बुकिंग पर्यवेक्षक और दो क्लर्कों को निलंबित कर दिया गया है.
इन रेल कर्मचारियों पर अपने काम में लापरवाही बरतने का आरोप है.
भारत और पाकिस्तान के बीच चलने वाली समझौता एक्सप्रेस ने रविवार की रात को पुरानी दिल्ली स्टेशन से ही अपना सफ़र शुरू किया था.
हरियाणा में पानीपत के निकट इसके दो डिब्बों में विस्फोट के बाद आग लग गई थी.
इस हादसे में 68 लोग मारे गए तथा कई लोग घायल हो गए थे.
उधर बीबीसी संवाददाता श्याम सुंदर से प्राप्त ताज़ा जानकारी के अनुसार पानीपत सिविल अस्पताल में 16 शवों की पहचान हो पाई है जिनमें से 12 पाकिस्तानी नागरिकों के हैं.
लापरवाही
उत्तर रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी राजीव सक्सेना ने समाचार एजेंसियों को बताया, "दिल्ली-अटारी रेलगाड़ी के लिए टिकट जारी करने का सही लेखा-जोखा नहीं रखने के आरोप में दो क्लर्कों को सोमवार की शाम ही निलंबित कर दिया गया है."
उन्होंने कहा कि क्लर्क - सुरेंदर कुमार और राकेश मणि अनारक्षित टिकट बुकिंग काउंटर पर नियुक्त थे.
उत्तर रेलवे के महाप्रबंधक ने हादसे के बाद सोमवार को बुकिंग काउंटर के रिकॉर्ड की जाँच की थी और इसके बाद इन कर्मचारियों को निलंबित करने के आदेश दिए.
मुख्य बुकिंग पर्यवेक्षक डीके सब्बरवाल को भी मंगलवार को निलंबित कर दिया गया.
सब्बरवाल ने इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि उन्हें एक पंक्ति का आदेश मिला है. जिसमें कोई आरोप तो नहीं लगाए गए हैं, लेकिन कहा गया है कि "मुझे निलंबित कर दिया गया है."
पाकिस्तान की माँग
इस बीच, पाकिस्तान के रेल मंत्री शेख राशिद अहमद ने 'समझौता' में विस्फोट की पूरी जाँच करने और पाकिस्तानी जाँच एजेंसियों को भी इसमें शामिल करने की माँग की है.
भारतीय रेल अधिकारियों पर 'असहयोग' का आरोप लगाते हुए उन्होंने कहा कि भारतीय अधिकारियों ने उन्हें अभी तक पाकिस्तान के मृत और घायल यात्रियों की सही जानकारी नहीं दी है.
उन्होंने कहा कि भारतीय अधिकारियों ने अभी सिर्फ़ इतना बताया है कि हादसे में घायल 13 पाकिस्तानी नागरिकों को दिल्ली के अस्पताल में भर्ती कराया गया है और उनकी हालत ऐसी है कि उन्हें यात्रा करने की अनुमति नहीं दी जा सकती.