शुक्रवार, 09 फ़रवरी, 2007 को 18:24 GMT तक के समाचार
पाकिस्तान ने कहा है कि कश्मीर पर उसके नज़रिए में कोई बदलाव नहीं आया है और वो इस दावे को नहीं मानता कि कश्मीर भारत का अभिन्न अंग है.
भारत में पाकिस्तान के उच्चायुक्त शाहिद मलिक ने शुक्रवार को पत्रकारों से कहा कि कश्मीर पर पाकिस्तानी राष्ट्रपति जनरल परवेज़ मुशर्रफ़ के बयान को ग़लत तरीके से पेश किया गया और ये ख़बरें फैलायी गई कि पाकिस्तान ने कश्मीर पर अपने दावे को छोड़ दिया है.
इसके बावजूद उन्होंने माना कि भारत और पाकिस्तान के बीच अब संबंध बेहतर हो गए हैं और तनाव की बात इतिहास बन कर रह गई है.
मलिक का कहना था कि ऐसा परस्पर विश्वास बहाली के उपायों के कारण संभव हो सका है.
कश्मीर
उनका बयान मुशर्रफ़ के उस साक्षात्कार के बाद आया है जिसमें पाकिस्तानी राष्ट्रपति ने कहा था कि यदि भारत कश्मीर पर अपना दावा छोड़ दे तो पाकिस्तान भी ऐसा कर सकता है.
मलिक ने कहा कि पाकिस्तान हमेशा कश्मीर मसले को बातचीत के ज़रिए हल करने का पक्षधर रहा है.
उनका कहना था, "दोनों पड़ोसी हमेशा के लिए विरोधी नहीं रहना चाहते. शांति बहाली की हालिया कोशिशों से इस बात को बल मिला है."
पाकिस्तानी उच्चायुक्त ने कहा कि उनके देश में कोई चरमपंथी प्रशिक्षण शिविर नहीं है. उनका कहना था कि भूकंप के बाद तमाम अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं के लोग मौजूद थे लेकिन उनमें से किसी ने इस बारे में कुछ नहीं कहा.
सियाचिन के बारे में मलिक ने कहा, "दोनों देशों के बीच कुछ तकनीकी मुद्दे हैं जिन्हें सुलझाने की ज़रूरत है. मैं ये भी नहीं कहूंगा कि हम रुके हुए हैं क्योंकि पाकिस्तान ने कुछ प्रस्ताव दिए हैं."