बुधवार, 17 जनवरी, 2007 को 13:01 GMT तक के समाचार
नोएडा के निठारी कांड की जाँच कर रही उच्चस्तरीय समिति ने अपनी रिपोर्ट सौंप दी है.
महिला और बाल विकास मंत्री रेणुका चौधरी ने कहा है कि मंत्रालय इस रिपोर्ट का अध्ययन करेगी और बच्चों का भविष्य सुरक्षित किए जाने के लिए जरूरी सभी सुझावों पर तत्काल कदम उठाएगी.
समिति ने पाया है कि पुलिस ने पीड़ित परिवारों के साथ संवेदनहीन व्यवहार किया.
रिपोर्ट में आश्चर्य प्रकट किया गया है कि एक ही इलाक़े से इतनी ज्यादा संख्या में बच्चों के लापता होने की सूचना मिलने के बावजूद पुलिस ने कुछ नहीं किया.
समिति ने नोएडा की दो बार यात्रा की और वहाँ के जिला प्रशासन के अधिकारियों के साथ भी चर्चा किया.
जाँच समिति ने वहाँ के पीड़ित परिवारों और स्थानीय निवासियों के साथ-साथ नोएडा के मुख्य चिकित्सा अधिकारी से भी मुलाक़ात की.
रिपोर्ट में कहा गया है कि अपराध के तरीकों और उद्देश्यों के बारे में अभी कुछ भी स्पष्ट तौर पर नहीं कहा जा सकता है.
जाँच समिति कहा है कि इस घटना की विभिन्न कोणों से जाँच किए जाने की जरूरत भी बताई है जिसमें अंग-व्यापार, यौन शोषण, और बच्चों के खिलाफ दूसरे तरह के अपराध भी शामिल है.
सीबीआई जाँच में मिल रहे कंकालों और दूसरे लोगों के भी शामिल होने की संभावना को देखते हुए समिति ने अभियुक्तों के अलावा दूसरे लोगों और क्षेत्रों की भी जाँच किए जाने की जरूरत बताई है.
समिति ने इस पर अपने कुछ सुझाव भी दिए हैं जिसमें ऐसे सभी शिकायतों को ठीक तरह से दर्ज करने के लिए राज्य सरकारों की ओर से दिशा निर्देश दिया जाना शामिल है.
पुलिस थानों की रोज़ाना डायरी की उच्च अधिकारियों द्वारा नियमित जाँच किए जाने का भी सुझाव समिति ने दिया है.
समिति ने बच्चों के लिए एक सुरक्षित वातावरण तैयार करने को सर्वोच्च प्राथमिकता दिए जाने का सुझाव भी राज्य सरकारों को दिया है.