http://www.bbcchindi.com

रविवार, 07 जनवरी, 2007 को 11:38 GMT तक के समाचार

सुबीर भौमिक
बीबीसी संवाददाता, गुवाहाटी से

असम में हिंसा जारी, तनाव का माहौल

असम में रविवार को एक बार फिर हिंदी भाषी लोगों को निशाना बनाया गया है और दो अलग अलग घटनाओं में आठ लोगों की हत्या कर दी गई है.

असम के सिबसागर ज़िले में रविवार की रात सात मज़दूरों की गोली मार कर हत्या कर दी गई.

दूसरी घटना असम के डिब्रूगढ़ इलाक़े में हुई जहाँ एक व्यापारी रामनरेश शाह को गोली मार दी गई.

पिछले कुछ दिनों में असम में हिंदी भाषी लोगों पर कई हमले हुए हैं जिनमें अब तक 60 लोगों की जानें जा चुकी हैं. इनमें अधिकांश बिहार के हैं.

असम में प्रभावित इलाक़ों दौरे के दौरान केंद्रीय गृह राज्य मंत्री श्रीप्रकाश जयसवाल ने कहा है कि सरकार किसी तरह के दबाव में नहीं आएगी.

राज्य के दौरे पर गए केंद्रीय गृह राज्य मंत्री श्रीप्रकाश जयसवाल ने उल्फ़ा पर नाराज़गी जताई.

उन्होंने कहा, " कोई भी हमारे सिर पर बंदूक रखकर हमें बातचीत के लिए मजबूर नहीं कर सकता."

गृह राज्यमंत्री ने कहा कि सरकार उल्फ़ा के साथ बातचीत के लिए तैयार है लेकिन उनकी मांगें जायज़ होनी चाहिए.

नियंत्रण का दावा

दूसरी ओर असम के मुख्यमंत्री तरुण गोगोई ने कहा है कि केंद्र सरकार ने भरोसा दिलाया है कि राज्य में अतिरिक्त सुरक्षाकर्मियों को तैनात किया जाएगा. उन्होंने कहा कि राज्य में स्थिति नियंत्रण में है.

कई प्रभावित इलाक़ों में कर्फ़्यू लगा हुआ है लेकिन कई इलाक़ों में नाराज़ लोग सड़क पर उतर आए और सड़क जाम कर दी. सेना और पुलिस ने भी विद्रोहियों के कई ठिकानों पर छापा मारा है.

हिंदी भाषी लोगों पर हुए हमले के बाद तिनसुकिया और डिब्रूगढ़ ज़िले से लोग भागने लगे हैं और रेलवे स्टेशनों पर भारी भीड़ है.

केंद्रीय रेल मंत्री लालू प्रसाद यादव ने कहा है कि वे जल्द ही असम का दौरा करेंगे. भाजपा अध्यक्ष राजनाथ सिंह के भी राज्य का दौरा करने की उम्मीद है.

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा है कि असम जाने वाली सभी रेलगाड़ियों में पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था उपलब्ध कराई जाएगी.

राज्य में उल्फ़ा और सरकार के बीच पिछले सितंबर में बातचीत टूट गई थी. उसके बाद से ही राज्य में हिंसा बढ़ने की आशंका व्यक्त की जा रही थी.