शनिवार, 23 दिसंबर, 2006 को 10:55 GMT तक के समाचार
अफ़ग़ानिस्तान में अमरीकी सेना का कहना है कि गठबंधन सैनिकों ने पिछले मंगलवार को हवाई हमले में एक शीर्ष तालेबान कमांडर को मार दिया.
उनके अनुसार मारे गए तालेबान नेता अल क़ायदा प्रमुख ओसामा बिन लादेन के क़रीबी सहयोगी थे.
अमरीकी सेना की ओर से जारी बयान में इस शीर्ष कमांडर का नाम मुल्ला अख़्तर मोहम्मद उस्मानी बताया गया है.
लेकिन अपने तालेबान के एक प्रवक्ता कहने वाले व्यक्ति ने समाचार एजेंसी रॉयटर्स से बातचीत में उस्मानी की मौत की ख़बरों का खंडन किया है.
अपने को मुल्ला हयात ख़ान कहने वाले व्यक्ति ने रॉयटर्स को टेलिफ़ोन पर बताया, "उस्मानी उस समय उस इलाक़े में मौजूद नहीं थे. अमरीकी और गठबंधन सेना गाहे-बगाहे झूठे दावे करती रही है."
बयान
लेकिन अमरीकी सेना के बयान में कहा गया है कि ये हवाई हमला मंगलवार को पाकिस्तान की सीमा के निकट हेलमंद प्रांत में हुआ था.
अमरीकी सेना का कहना है कि दक्षिणी हेलमंद प्रांत में मुल्ला अख़्तर मोहम्मद उस्मानी की गाड़ी पर हवाई हमला किया गया.
उस्मानी को दक्षिणी अफ़ग़ानिस्तान में तालेबान का मुख्य कमांडर माना जाता था.
गठबंधन सेना के मुताबिक़ उस्मानी ने तालेबान को दक्षिणी अफ़ग़ानिस्तान में मज़बूत करने में प्रमुख भूमिका निभाई. अमरीका का कहना है कि इन इलाक़ों में कई आत्मघाती हमलों और अपहरण के पीछे उस्मानी का ही हाथ था.
अमरीकी सेना के प्रवक्ता कर्नल टॉम कॉलिंस ने कहा, "मुल्ला उस्मानी अफ़ग़ानिस्तान की जनता, नैटो और सरकार के ख़िलाफ़ आतंकवादी गतिविधियों में शामिल थे."
उन्होंने बताया कि उस्मानी तालेबान के वित्तीय लेनदेन के प्रभारी थे. अमरीकी सेना का कहना है कि उस्मानी के साथ यात्रा कर रहे दो अन्य लोग भी इस हवाई हमले में मारे गए.