रविवार, 03 दिसंबर, 2006 को 01:49 GMT तक के समाचार
पाकिस्तान के राष्ट्रपति जनरल परवेज़ मुशर्रफ़ ने प्रस्तावित गैस पाइपलाइन परियोजना पर ईरान के राष्ट्रपति महमूद अहमदीनेजाद से बात की है.
लगभग 2600 किलोमीटर लंबी यह पाइपलाइन ईरान से शुरू होकर पाकिस्तान के रास्ते भारत तक पहुँचेगी.
दोनों नेताओं ने टेलीफ़ोन पर हुई बातचीत में पाइपलाइन परियोजना पर तेज़ी से अमल करने की ज़रूरत पर बल दिया.
इस पाइपलाइन को बनाने में लगभग सात अरब डॉलर यानी 315 अरब रूपए की लागत आएगी. इसके ज़रिए प्राकृतिक गैस की आपूर्ति की जाएगी.
मुशर्रफ़ और अहमदीनेजाद ने गैस की कीमत और कर ढ़ाँचे के बारे बात की.
बाधा
एसोसिएटेड प्रेस ऑफ पाकिस्तान के मुताबिक दोनों नेताओं ने पाइपलाइन बनाने की राह में आ रही बाधाओं को दूर करने पर सहमति जताई.
जनरल मुशर्रफ़ ने कहा कि यह पाइपलाइन दोनों देशों के लिए लाभकारी होगा और इससे आपसी रिश्ते और मजबूत होंगे.
ग़ौरतलब है कि गैस की कीमतों और कर ढ़ाँचे के अलावा पाइपलाइन की सुरक्षा को लेकर भारत और पाकिस्तान के बीच मतभेद है.
भारत आशंका जताता रहा है कि पाकिस्तान के 'अशांत' वज़ीरिस्तान इलाक़े से आने वाली पाइपलाइन को चरमपंथी नुकसान पहुँचा सकते हैं, इसलिए सुरक्षा की ज़िम्मेदारी पाकिस्तान को लेनी होगी.
भारत और ईरान की साझा समिति पाइपलाइन के तकनीकी पहलुओं की समीक्षा कर चुकी है.
इस पाइपलाइन से गैस की आपूर्ति शुरू हो जाने पर भारत और पाकिस्तान दोनों देशों को अपनी ऊर्जा ज़रूरतें पूरी करने में मदद मिलेगी.