शुक्रवार, 25 अगस्त, 2006 को 08:52 GMT तक के समाचार
उच्च शिक्षा संस्थानों में अनुसूचित जाति, जनजाति और अन्य पिछड़े वर्गों के लिए आरक्षण से संबंधित विधेयक लोकसभा में पेश कर दिया गया है.
लोकसभा में इस विधेयक को मानव संसाधन विकास मंत्री अर्जुन सिंह ने पेश किया.
समाचार एजेंसियों के अनुसार अब इस पर संसदीय समिति में चर्चा होगी और फिर इसको अंतिम स्वरूप देकर संसद के शीतकालीन सत्र में लाया जाएगा.
समाचार एजेंसियों के अनुसार इस विधेयक के तहत अन्य पिछड़े वर्ग की परिभाषा में नागरिकों की वे श्रेणी या श्रेणियाँ हैं जो सामाजिक और शैक्षिक तौर पर पिछड़े हुए हैं. इसका फ़ैसला केंद्र सरकार को करना है.
उधर दिल्ली में जंतरमंतर पर आरक्षण विरोधी डॉक्टरों और छात्रों ने फिर प्रदर्शन किए हैं.
दूसरी ओर, कुछ आरक्षण के समर्थक छात्रों ने भी प्रदर्शन किया लेकिन पुलिस ने दोनो पक्षों के बीच टकराव नहीं होने दिया.
कुछ ही दिन पहले केंद्रीय मंत्रिमंडल ने उच्च शिक्षा संस्थानों में अनुसूचित जाति, जनजाति और अन्य पिछड़े वर्गों के लिए आरक्षण से संबंधित विधेयक के मसौदे को मंजूरी दी थी.
इस विधेयक का मकसद आईआईटी और आईआईएम जैसे उच्च शिक्षा संस्थानों, केंद्रीय विश्वविद्यालयों और सरकार की मदद से चलाए जाने वाले शिक्षा संस्थानों में आरक्षण का प्रावधान करना है.
समाचार एजेंसियों के अनुसार संसद में लाए गए विधेयक में आरक्षण एक ही बार में नहीं, बल्कि विभिन्न चरणों में लागू किए जाने का प्रावधान है.