फिनलैंड का कहना है कि वह श्रीलंका से अपने युद्धविराम की निगरानी करनेवाले पर्यवेक्षकों को वापस बुला रहा है. फिनलैंड का कहना है कि ऐसा सुरक्षा कारणों से किया जा रहा है.
पिछले सप्ताह तमिल विद्रोहियों ने स्वीडन की इस अपील को ठुकरा दिया था जिसमें उन्होंने यूरोपीय संघ के पर्यवेक्षकों को देश छोड़ने की बात को वापस लेने के लिए कहा था.
यूरोपीय संघ के तमिल विद्रोहियों को आतंकवादी संगठन करार दिए जाने के बाद उन्होंने पर्यवेक्षकों को वापस बुला लेने को कहा था.
तमिल विद्रोहियों ने यूरोपीय पर्यवेक्षकों से कहा था कि वे एक सितंबर तक वापस चले जाएँ.
फिनलैंड का कहना है कि उसके श्रीलंका में तैनात 12 पर्यवेक्षक वापस चले जाएँगे.
हवाई हमला
दूसरी ओर श्रीलंका में सेना के विद्रोहियों पर हमले जारी हैं. श्रीलंका के तमिल विद्रोहियों का कहना है कि उत्तर पूर्वी हिस्सों में हुए हवाई हमलों में छह लड़ाके मारे गए हैं.
विद्रोहियों की वेबसाइट तमिलनेट ने तमिल नेताओं के हवाले से ख़बर छापी हैं कि इस हमले में पाँच विद्रोही और तीन आम नागरिक घायल भी हो गए हैं.
सेना का कहना है कि यह बमबारी तमिल विद्रोहियों को हवाई पट्टी बनाने से रोकने के लिए की गई थी.
इसके पहले भी सेना ने विद्रोहियों के मुल्लाइतिवु ज़िले में हवाई पट्टी बनाने से रोकने के लिए बमबारी की थी.
बीबीसी संवाददाता का कहना है कि हालांकि कागज़ पर युद्धविराम मौजूद है लेकिन इस साल संघर्ष में अब तक सैकड़ों लोग मारे गए हैं.
श्रीलंका सरकार का कहना है कि हवाई पट्टी के निर्माण को लेकर उनके पास तस्वीरें हैं और यह देश की संप्रभुता और अखंडता पर ख़तरा है.