गुरुवार, 13 जुलाई, 2006 को 12:12 GMT तक के समाचार
भारत सरकार ने मुंबई की रेलगाड़ियों में हुए धमाकों के बाद देश भर के हवाई अड्डों पर चौकसी बढ़ा दी है.
मुंबई की 'जीवन रेखा' कही जाने वाली लोकल रेलगाड़ियों में मंगलवार को एक के बाद एक सात विस्फोट हुए थे जिनमें 200 लोगों की मौत हो गई.
इस बीच केंद्रीय मंत्रिमंडल की गुरुवार को बैठक हुई जिसमें मुंबई धमाकों की भर्त्सना करते हुए आतंकवाद का मुकाबला करने की प्रतिबद्धता दोहराई गई.
प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह की अध्यक्षता में कैबिनेट की बैठक हुई जिसमें 11 जुलाई को मुंबई और जम्मू कश्मीर की राजधानी श्रीनगर में हुए धमाकों में मारे गए लोगों के परिजनों के प्रति सहानुभूति व्यक्त की गई.
मुंबई विस्फ़ोटों के बाद केंद्र सरकार ने हवाई अड्डों की सुरक्षा के लिए जिम्मेदार केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल यानी सीआईएसएफ को यात्रियों और उनके सामानों की अच्छी तरह तलाशी लेने के निर्देश दिए हैं.
केंद्र सरकार के मुताबिक हवाई अड्डों को सुरक्षा की दृष्टि से काफ़ी संवेदनशील माना जाता है, इसलिए इन जगहों पर किसी तरह की सुस्ती नहीं बरती जा सकती.
नागरिक उड्डयन मंत्रालय और गृह मंत्रालय ने सभी हवाई अड्डों की कड़ी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए एक समग्र योजना तैयार करने का फ़ैसला किया है.
योजना के तहत हवाई अड्डों के अंदर पहुँचते समय सख़्त निगरानी रखी जाएगी और विस्फोटक पदार्थों को निष्क्रिय करने के लिए उपकरण लगाए जाएंगे.
ये सारा काम दोनों मंत्रालय नागरिक उड्डयन सुरक्षा ब्यूरो और सीआईएसएफ की मदद से किया जाएगा.
उधर रेल मंत्री लालू प्रसाद यादव ने रेलगाड़ियों में भी सुरक्षा बढ़ाने के आदेश दिए हैं.
उन्होंने कहा है कि रेलवे सुरक्षा बल को और मजबूत बनाया जाएगा और उन्हें यात्रियों की सुरक्षा में मददगार साबित होने वाले आधुनिक उपकरण मुहैया कराए जाएँगे.