बुधवार, 31 मई, 2006 को 22:15 GMT तक के समाचार
इस बार भारत के कई राज्यों में मॉनसून एक सप्ताह पहले आ गया है. इसके कारण महाराष्ट्र, केरल और गोवा में बुधवार को भारी बारिश हुई.
महाराष्ट्र का कोंकण इलाक़ा बारिश से सबसे अधिक प्रभावित हुआ है और वहाँ रेल व्यवस्थाओं पर इसका असर पड़ा है.
समाचार एजेंसी पीटीआई के अनुसार महाराष्ट्र के रत्नागिरी इलाक़े में भी भारी बारिश दर्ज की गई.
मौसम विभाग ने अगले 24 घंटों में महाराष्ट्र में भारी बारिश की भविष्यवाणी की है. उसने मछुआरों को समुद्र में न जाने की सलाह दी है.
ग़ौरतलब है कि पिछले साल जुलाई में महाराष्ट्र में भारी बारिश के कारण लगभग एक हज़ार लोग मारे गए थे और दो करोड़ से ज़्यादा लोग इससे प्रभावित हुए थे.
इस बारिश के बाद महाराष्ट्र पर बीमारियों का क़हर टूट पड़ा था और अनेक लोगों की अपनी जान गवांनी पड़ी थी.
भारी बारिश और बाढ़ से लगभग एक-तिहाई शहर पूरी तरह से ठप्प हो गया था.
भारी बारिश के कारण मुंबई हवाई अड्डे पर सारी उड़ानें रोक देने पड़ीं थीं. यहाँ तक कि भारत का व्यस्तम मुंबई हवाई अड्डा कुछ दिनों के लिए बंद करना पड़ा था.
मुंबई प्रशासन का कहना है कि उसने इस बार बारिश को लेकर तैयारियाँ पूरी कर ली हैं.
इधर केरल और गोवा से भी भारी बारिश की ख़बरें मिल रही हैं. केरल में बारिश के कारण निचले इलाक़े के घरों और कुछेक स्थानों पर फसलों को नुक़सान हुआ है.
भारत में मॉनसून की शुरुआत केरल से होती है और दक्षिण पश्चिम मॉनसून केरल से कर्नाटक होते हुए देश के अन्य भागों में पहुँचता है.