बुधवार, 05 अप्रैल, 2006 को 11:47 GMT तक के समाचार
नर्मदा बचाओ आंदोलन से जुड़ी कार्यकर्ता मेधा पाटकर की लगातार बिगड़ती हालत के बीच आंदोलन के कुछ कार्यकर्ताओं ने बुधवार को कांग्रेस नेता सोनिया गांधी से मुलाक़ात की.
मेधा पाटकर पिछले आठ दिन से भूख हड़ताल पर हैं और अब उनकी स्थिति काफ़ी बिगड़ गई है.
मंगलवार को जल संसाधन मंत्री सैफुद्दीन सोज़ ने धरने पर बैठे लोगों को आश्वासन दिया था कि इस बांध परियोजना से विस्थापित हो रहे सभी 35000 लोगों का पुनर्वास कराया जाएगा.
सोज़ ने कहा कि वो जल्दी ही ज़मीनी स्थिति देखने मध्य प्रदेश और जाएंगे.
बुधवार को आंदोलन के कार्यकर्ताओं ने सोनिया गांधी से मुलाक़ात की जिसके बारे में शबनम हाशमी ने जानकारी दी.
शबनम के अनुसार सोनिया ने कहा कि वो इस बारे में प्रधानमंत्री से बात करेंगी.
मेधा पाटकर और उनके कई सहयोगी नर्मदा नदी पर बनाए जा रहे सरदार सरोवर बांध का निर्माण तत्काल रोके जाने की मांग के साथ दिल्ली में धरने पर बैठे हुए हैं.
मेधा पाटकर की तबीयत ख़राब होने के बाद पूर्व प्रधानमंत्री विश्वनाथ प्रताप सिंह उनसे मिलने के लिए जंतर-मंतर पहुंचे थे जहाँ वह भूख हड़ताल कर रही हैं.
विश्वनाथ प्रताप सिंह के अलावा कई और सामाजिक कार्यकर्ता भी मेधा पाटकर को देखने पहुँचे हैं जिनमें भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के नेता एबी बर्धन और डी राजा भी शामिल थे.
कुछ दिनों पहले सरदार सरोवर बांध की ऊंचाई 110 मीटर से 121 मीटर करने के फ़ैसले के विरोध में ये प्रदर्शन हो रहे हैं.
धरना देने वालों का कहना है कि बांध की ऊंचाई बढ़ाने का फ़ैसला सुप्रीम कोर्ट के उस फ़ैसले की अवहेलना करता है जिसमें कहा गया था कि जब तक सभी विस्थापितों का पुनर्वास नहीं हो जाता तब तक निर्माण कार्य न बढ़ाया जाए.
सुप्रीम कोर्ट इस मामले पर 17 अप्रैल को फिर सुनवाई करने वाली है.