शनिवार, 21 जनवरी, 2006 को 20:28 GMT तक के समाचार
सुबीर भौमिक
बीबीसी संवाददाता
भारत के पूर्वोत्तर राज्य मणिपुर में अधिकारियों का कहना है कि विद्रोहियों के सेना पर घात लगाकर किए हमले में सेना के एक लेफ़्टिनेन्ट कर्नल और चार विद्रोही मारे गए हैं.
अपुष्ट ख़बरों के अनुसार मणिपुर में ही एक अन्य घटना में तीन सैनिक और एक आम नागरिक की मौत हो गई.
मणिपुर में ही भारत-बर्मा सीमा के पास स्थित एक नगर में लगभग तीन सौ लोगों ने असम राइफ़ल्स की कथित ज़्यादतियों के ख़िलाफ़ प्रदर्शन किया है.
घात लगाकर हमला
भारतीय सेना के जवानों ने 'हमार' विद्रोहियों के समर्थन से बर्मा की सीमा के साथ लगते चूड़ाचांदपुर नगर के पारबुंग गाँव की घेराबंदी शुरु की थी.
उनका निशाना वहाँ छिपे अलगाववादीत संगठन यूएनएलएफ़ के विद्रोही थे.
लेकिन सेना की घेराबंदी को तोड़ने के लक्ष्य से यूएनएलएफ़ विद्रोहियों ने घात लगाकर हमला कर दिया.
सेना के एक लेफ़्टिनेन्ट कर्नल मारे गए लेकिन गोलीबारी काफ़ी देर तक चलती रही. सेना को इसके बाद वहाँ से कई हथियार मिले. सेना के अनुसार इस गोलीबारी में चार विद्रोही मारे गए.
प्रदर्शन
उधर बर्मा की सीमा के साथ ही लगने वाले मोरेह नगर के पास भारत-बर्मा सीमा की बीच मानव-रहित क्षेत्र में तीन सौ प्रदर्शनकारी एकत्र हो गए.
वे अर्धसैनिक बल असम राइफ़्ल्स की 24वीं बटालियन की कथित ज़्यादतियों के ख़िलाफ़ प्रदर्शन कर रहे थे.
जब ये प्रदर्शनकारी असम राइफ़ल्स की चौकी की ओर जा रहे थे तो पुलिस ने हस्तक्षेप किया.
बाद में प्रदर्शनकारियों ने मणिपुर के राज्यपाल के नाम एक ज्ञापन स्थानीय अधिकारियों को सौंपा.
डेढ़ साल पहले असम राइफ़ल्स पर एक मणिपुरी महिला का बलात्कार कर उसे जान से मार देने का आरोप लगा था जिसके बाद वहाँ भीषण प्रदर्शन हुए थे और जन-जीवन ठप्प हो गया था.