सोमवार, 19 दिसंबर, 2005 को 11:26 GMT तक के समाचार
गिरफ़्तारी से बचने के लिए लगभग दो महीने तक भूमिगत रहने के बाद पूर्व केंद्रीय राज्य मंत्री जयप्रकाश नारायण यादव सोमवार को पुलिस के सामने उपस्थित हुए.
राष्ट्रीय जनता दल के नेता जयप्रकाश नारायण यादव सोमवार को बिहार के जमुई ज़िले में खैरा पुलिस थाने में गए जहाँ उनसे लगभग तीन घंटे तक पूछताछ की गई.
पुलिस ने उनसे कहा है कि वे जमुई से बाहर ना जाएँ और जब भी आवश्यकता हो पूछताछ के लिए पुलिस के पास आ जाएँ.
यादव पर आरोप है कि उन्होंने बिहार विधानसभा चुनाव के समय अपने भाई और राजद उम्मीदवार विजय प्रकाश को जमुई पुलिस थाने से अवैध रुप से छुड़ाया था.
विजय प्रकाश जमुई विधानसभा सीट से उम्मीदवार थे और चुनाव हार गए.
इसी मामले में उनके ख़िलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया गया था.
वारंट जारी होने के कुछ दिन बाद जल संसाधन मंत्री को अपने पद से इस्तीफ़ा देना पड़ा था.
जमुई की एक अदालत ने 24 अक्तूबर को यादव समेत चार अन्य लोगों के ख़िलाफ़ गैर ज़मानती वारंट जारी किया था.
इसके बाद 25 अक्तूबर को यादव ने जमानत याचिका दायर की थी जिसे ख़ारिज़ कर दिया गया था.
इससे पहले पुलिस ने जयप्रकाश नारायण यादव के दिल्ली स्थित सरकारी निवास पर छापा मारा लेकिन उन्हें सफलता नहीं मिली.