सोमवार, 21 नवंबर, 2005 को 02:05 GMT तक के समाचार
संयुक्त राष्ट्र ने चेतावनी दी है कि आठ अक्तूबर को पाकिस्तान में आए भूकंप के बाद मलबे और कचरे के कारण लोगों के स्वास्थ्य को ख़तरा हो सकता है.
संयुक्त राष्ट्र के पर्यावरण कार्यक्रम के अधिकारी शफ़क़त काकाखेल ने कहा कि बड़ी मात्रा में मलबे और कचरे इकट्ठा हो गए हैं और इसके लिए अगर ठीक से व्यवस्था नहीं हुई तो ये ज़हरीले हो जाएँगे.
उन्होंने चेतावनी दी कि इससे लोगों के स्वास्थ्य पर ख़तरा पैदा हो सकता है. काकाखेल ने कहा कि कचरों के कारण पानी के स्रोत भी दूषित हो सकते हैं.
उन्होंने पाकिस्तान की सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि सरकार इसकी व्यवस्था करे कि पुनर्निर्माण कार्यों के लिए वृक्षों की कटाई न हो.
पाकिस्तान के पर्यावरण मंत्री ताहिर इक़बाल ने भी कहा है कि भविष्य में भू-स्खलन न हो, इसके लिए वृक्षारोपण बहुत ज़रूरी है.
उन्होंने कहा, "जिन इलाकों में वृक्ष ज़्यादा थे वहाँ भू-स्खलन नहीं हुआ लेकिन जहाँ वृक्ष ज़्यादा नहीं थे वहाँ गाँव के गाँव तबाह हो गए और उनका नामोनिशान मिट गया."
आठ अक्तूबर को आए भूकंप के कारण पाकिस्तान में 73 हज़ार से ज़्यादा लोग मारे गए थे और भारतीय कश्मीर में 1400 लोगों की मौत हो गई थी. भूकंप के कारण लाखों लोग बेघर हो गए थे.