सोमवार, 07 नवंबर, 2005 को 08:10 GMT तक के समाचार
कश्मीर में नियंत्रण रेखा तो खुल गई है लेकिन अभी आम लोग रेखा को पार नहीं कर सकेंगे.
बीबीसी संवाददाता मुब्बशिर ज़ैदी ने बताया है कि पाकिस्तानी कश्मीर में मौजूद आम लोगों पर पाकिस्तानी पुलिस ने हवाई फ़ायरिंग की है.
बीबीसी संवाददाता के मुताबिक़ ये लोग नियंत्रण रेखा के नज़दीक जाने की कोशिश कर रहे थे पर फ़िलहाल आम लोगों को नियंत्रण रेखा पार करने की अनुमति नहीं है.
लोगों को रोकने के लिए आँसू गैस का इस्तेमाल करना पड़ा और हवा में गोली चलानी पड़ी.
पाकिस्तानी कश्मीर में सैकड़ों लोग 'हमें जाने दो' के नारे लगा रहे थे.
पाकिस्तानी सेना के अनुसार अभी नियंत्रण रेखा पर बारूदी सुरंगें बिछी हुई हैं और लोगों को उसके नज़दीक जाने नहीं दिया जा सकता.
निराशा
भारत की ओर से राहत सामग्री से लदे 25 ट्रक नियंत्रण रेखा तक भेजे गए. इसके बाद वहाँ से राहत सामग्री पाकिस्तान में भेज दी गई.
लेकिन फ़िलहाल लोगों को नियंत्रण रेखा पार न करने देने के फ़ैसले से आम कश्मीरियों में ख़ासी निराशा है.
पाकिस्तान प्रशासित कश्मीर में रहने वाले मोहम्मद सलीम ने भारतीय कश्मीर की ओर इशारा करते हुए कहा, " अगर हम वहाँ नहीं जा सकते तो फ़िर जो हो रहा है उससे हमें कोई फ़र्क़ नहीं पड़ता."
बीबीसी संवाददाता का कहना है कि आम लोगों को उम्मीद थी कि दोनों देश भूकंप प्रभावितों की मदद के लिए और क़दम उठाएँगे.
इस्लामाबाद से बीबीसी संवाददाता क्रिस मौरिस का कहना है कि लगता यही है कि नियंत्रण रेखा खोलने का फ़ैसला सांकेतिक ज़्यादा था न कि भूकंप राहत कार्य को लेकर कोई बड़ी प्रगति.
भारत ने कहा है कि वह पाँच स्थानों से नियंत्रण रेखा तुरंत नहीं खोल सकता क्योंकि बारुदी सुरंग हटाने और सड़कों को ठीक करने का काम अभी चल रहा है.
भारत का कहना है कि इसी सप्ताह में बाक़ी के दो जगहों पर नियंत्रण रेखा को खोल दिया जाएगा. लेकिन जो लोग नियंत्रण रेखा पार करना चाहते हैं, उन्हें अभी और इंतज़ार करना पड़ सकता है.
पाकिस्तान प्रशासित कश्मीर की राजधानी मुज़फ़्फ़राबाद के उपायुक्त का कहना है कि अभी उन्होंने नियंत्रण रेखा पार करने के इच्छुक लोगों को परमिट हासिल करने के लिए आवेदन पत्र बाँटना नहीं शुरू किया है.
उन्होंने बताया कि एक-दो दिनों में इच्छुक लोगों के पास आवेदन पत्र भेज दिए जाएँगे.