गुरुवार, 03 नवंबर, 2005 को 11:59 GMT तक के समाचार
ज़फ़र अब्बास
इस्लामाबाद से
पाकिस्तान सरकार ने कहा है कि निर्वासित पूर्व प्रधानमंत्री नवाज़ शरीफ़ को पाकिस्तानी पासपोर्ट जारी किया जाएगा ताकि वे ब्रिटेन की यात्रा कर सकें.
नवाज़ शरीफ़ पाकिस्तान में तख़्तापलट के बाद से सऊदी अरब में रह रहे हैं और वे अपने बीमार बेटे से मिलने के लिए ब्रिटेन आना चाहते हैं.
वर्ष 2000 के बाद नवाज़ शरीफ़ पहली बार सऊदी अरब से बाहर निकलेंगे.
पाकिस्तान सरकार ने कहा है कि उन्हें जो पासपोर्ट दिया जाएगा उसके आधार पर वे दुनिया में कहीं भी आ-जा सकेंगे लेकिन उन्हें पाकिस्तान आने की अनुमति नहीं होगी.
अक्तूबर 1999 में पाकिस्तान के निर्वाचित प्रधानमंत्री नवाज़ शरीफ़ को हटाकर सेनाध्यक्ष परवेज़ मुशर्रफ़ ने सत्ता हासिल कर ली थी.
पाकिस्तान के सूचना मंत्री शेख़ रशीद ने इस्लामाबाद में बताया, "राष्ट्रपति मुशर्रफ़ ने यह फैसला मानवीय आधार पर लिया है, इसका राजनीति से कोई लेना-देना नहीं है."
नवाज़ शरीफ़ के बेटे हुसैन नवाज़ पिछले कुछ समय से बीमार हैं लेकिन उनके रोग की पहचान अभी तक नहीं हो सकी है.
पाकिस्तान मुस्लिम लीग (नवाज़) के वरिष्ठ नेता राजा ज़फ़र उल हक़ ने बताया कि हुसैन का वज़न बहुत तेज़ी से कम हो रहा है और उन्हें शरीर के बाएँ हिस्से में बहुत कमज़ोरी महसूस हो रही है.
उन्होंने बताया कि हुसैन की बीमारी का पता लगाने के लिए जाँच जारी है लेकिन डॉक्टर अभी तक किसी निष्कर्ष पर नहीं पहुँचे हैं.
नवाज़ शरीफ़ के पुराने पासपोर्ट की मियाद पूरी हो चुकी थी और पाकिस्तान सरकार ने उसका नवीकरण करने से इनकार कर दिया था.
पिछले वर्ष नवाज़ शरीफ़ इसी वजह से अपने पिता की अंत्येष्टि में शामिल होने के लिए पाकिस्तान नहीं जा सके थे.