रविवार, 05 जून, 2005 को 06:54 GMT तक के समाचार
विधानसभा उपचुनाव के परिणाम आने के बाद गोवा में कांग्रेस की स्थिति मज़बूत हुई है और वह सरकार बनाने के लिए दावा करने की स्थिति में पहुँच गई है.
जबकि हरियाणा में मुख्यमंत्री भूपिंदर सिंह हुड्डा की सीट सहित तीनों सीटें कांग्रेस ने भारी बहुमत से जीत ली है.
विधान सभा उपचुनाव में केरल की सीट मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (सीपीएम) ने, आंध्र प्रदेश की तेलुगु देशम पार्टी (टीडीपी) ने और कर्नाटक की सीट जनतादल (एस) ने जीत ली है.
कर्नाटक की शिमोगा लोकसभा सीट जीतकर एस बंगरप्पा ने समाजवादी पार्टी को दक्षिण भारत की पहली सीट दिलवा दिया है.
16 विधानसभा और एक लोकसभा सीट के लिए गत दो जून को मतदान हुआ था.
गोवा में कांग्रेस मज़बूत
गोवा के उपचुनाव के परिणामों ने कांग्रेस की स्थिति को मज़बूत किया है और वह अपने सहयोगी दलों के साथ सरकार बनाने का दावा करने की स्थिति में पहुँच गई है.
गोवा में मनोहर पणिक्कर की सरकार बर्ख़ास्त किए जाने के बाद जो राजनीतिक अस्थिरता पैदा हुई थी उसके बाद से राष्ट्रपति शासन लगा हुआ है हालांकि इसके बाद राणे सरकार ने बहुमत साबित कर लिया था लेकिन उसे लेकर भी विवाद थे.
वहाँ पाँच सीटों के लिए उपचुनाव हुए थे जिनमें से कांग्रेस और उसके सहयोगियों ने चार सीटें जीत ली हैं.
कांग्रेस ने तीन सीटें जीती हैं जबकि एक सीट एनसीपी ने जीती है. एक सीट भारतीय जनता पार्टी को मिली है.
इन चुनाव परिणामों के बाद 39 सदस्यीय विधानसभा में कांग्रेस के सदस्यों की संख्या 19 हो गई है जबकि एनसीपी के दो सदस्य हो गए हैं. एमजीपी का एक सदस्य विधानसभा में है जो कांग्रेस का समर्थन करती है.
दूसरी ओर भाजपा के सदस्यों की संख्या 17 हो गई है.
हरियाणा में भारी जीत
हरियाणा के मुख्यमंत्री भूपिंदर सिंह हुड्डा ने यह पद संभालने के बाद लोक सभा की सदस्यता से इस्तीफ़ा दे दिया था और विधानसभा का चुनाव लड़ा.
उन्होंने रोहतक के किलोई विधानसभा क्षेत्र से एक लाख से अधिक मतों से अपना चुनाव जीता है. ख़बरों के अनुसार उनके सभी पाँच प्रतिद्वंद्वियों की ज़मानत ज़ब्त हो गई है.
उनके अलावा तुशाम विधानसभा क्षेत्र से कांग्रेस की किरण चौधरी ने अपना चुनाव लगभग सवा लाख मतों से जीता है.
31 मार्च को एक हेलिकॉप्टर दुर्घटना में तत्कालीन कृषि मंत्री सुरेंदर सिंह की मौत होने से यह सीट रिक्त हुई थी. किरण चौधरी उनकी पत्नी हैं.
उसी दुर्घटना में उद्योगपति और हरियाणा के तत्कालीन ऊर्जा मंत्री ओपी जिंदल की भी मौत हो गई थी.
कांग्रेस ने जिंदल की पत्नी पत्नी सावित्री जिंदल हिसार से चुनाव लड़ने के लिए टिकट था. सावित्री जिंदल ने यह सीट एक लाख से अधिक मतों के अंतर से जीत ली है.
अन्य सीटें
उत्तर प्रदेश व अन्य राज्यों से भी चुनाव परिणाम आ गए हैं.
उत्तर प्रदेश की सभी चार विधानसभा सीटें समाजवादी पार्टी और राष्ट्रीय लोकदल ने जीत ली हैं.
दोनों दलों के बीच चुनाव पूर्व गठबंधन था.
इलाहाबाद (पश्चिम), वाराणसी (उत्तर) और हैंसरबाज़ार सीटें समाजवादी पार्टी ने जीती है जबकि खैरागढ़ सीट पर सपा-आरएलडी के साझा उम्मीदवार ने जीती है.
केरल की दोनों विधानसभा सीटें सीपीएम ने जीत ली हैं. जबकि आंध्र प्रदेश की एक सीट पर तेलगुदेशम पार्टी (टीडीपी) को जीत हासिल हुई है.
कर्नाटक की एक विधानसभा सीट पर हुए उपचुनाव में जनता दल (सेक्युलर) की जीत हुई है जबकि लोकसभा सीट शिमोगा से बंगरप्पा की जीत हुई है.
पहले भी वहाँ बंगरप्पा ही लोकसभा के सदस्य थे लेकिन भाजपा छोड़कर समाजवादी पार्टी में शामिल हो जाने के कारण उन्हें इस्तीफ़ा देना पड़ा था.
16 हज़ार वोटों से जीतकर बंगरप्पा ने समाजवादी पार्टी को दक्षिण भारत से पहली सीट दिलवाई है.