शुक्रवार, 04 मार्च, 2005 को 13:16 GMT तक के समाचार
उन लोगों के लिए जो श्रीनगर से मुज़फ्फ़राबाद जाने वाली बस से यात्रा करना चाहते हैं एक आवेदन पत्र जारी किया है.
भारत और पाकिस्तान दोनों तरफ़ के कश्मीरों के बीच यह पहला सड़क संपर्क होगा.
दोनों देशों के बीच पिछले महीने हुए समझौते के तहत सात अप्रैल को पहली बस चलेगी.
भारत सरकार के विदेश विभाग द्वारा संचालित पासपोर्ट ऑफ़िस ने श्रीनगर में ऐसे सौ लोगों को यह आवेदन पत्र दिए हैं जो इस बस से यात्रा करना चाहते हैं.
ये फॉर्म सोमवार तक जमा किए जाने हैं.
पासपोर्ट अधिकारी जॉन सिलशी का कहना है कि आवेदन पत्रों की जाँच के बाद उन्हें मुज़फ़्फ़राबाद में अधिकारियों के पास जाँच के लिए भेजा जाएगा.
उन्होंने बताया कि पहली बस से 30 लोगों को यात्रा की अनुमति दी जाएगी और 30 लोगों को 15 दिनों बाद.
श्रीनगर से बीबीसी संवाददाता अल्ताफ़ हुसैन का कहना है कि आवेदन पत्र अचानक ही जारी कर दिए गए हैं क्योंकि इसकी पहले से कोई सूचना नहीं दी गई थी.
उनका कहना है कि जिन लोगों के परिवार सीमा पार रहते हैं उनमें से शायद ही ऐसा कोई है जिसे आवेदन पत्र मिला हो.
इस बस सेवा का दोनों देशों और दुनिया भर में स्वागत किया गया था.
समझौता
पिछले महीने भारत के विदेश मंत्री नटवर सिंह और पाकिस्तान के विदेश मंत्री महमूद क़सूरी के बीच इस्लामाबाद में हुए समझौते के तहत श्रीनगर और मुज़फ़्फ़राबाद के बीच बस सेवा शुरु हो जाएगी.
दोनों देशों के संबंधों में सुधार की दिशा में इसे एक महत्वपूर्ण पड़ाव माना जा रहा है.
विवादित कश्मीर के दोनों हिस्सों के बीच यह पहला सीधा ज़मीनी संपर्क होगा.