रविवार, 27 फ़रवरी, 2005 को 01:15 GMT तक के समाचार
बिहार, झारखंड और हरियाणा में मतगणना के नतीजों से जहाँ बिहार और झारखंड में त्रिशंकु विधानसभा बनती दिखाई दे रही है वहीं हरियाणा में कांग्रेस ने भारी जीत हासिल की है.
सबसे ज़्यादा रोचक मुक़ाबला बिहार में है जहाँ राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन सबसे ज़्यादा सीटें लेकर उभरा है जबकि राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) गठबंधन दूसरे स्थान पर है लेकिन किसी भी दल को स्पष्ट बहुमत नहीं मिला है.
रामविलास पासवान की लोकजनशक्ति पार्टी तीसरी बड़ी पार्टी के रूप में उभरी है और सरकार बनाने में उनकी भूमिका महत्वपूर्ण हो सकती है.
हरियाणा में कांग्रेस ने ओमप्रकाश चौटाला की भारतीय राष्ट्रीय लोकदल (आईएनएलडी) को धूल चटा दी है. कांग्रेस ने राज्य में दो तिहाई सीटें जीत ली हैं और आईएनएलडी का लगभग सफ़ाया हो गया है.
झारखंड में भी स्थिति उलझती नज़र आ रही है और किसी भी दल को सरकार बनाने के लिए ज़रूरी बहुमत नहीं मिला है.
बिहार
बिहार में 243 सीटों में से एनडीए को 93 सीटें मिल गई हैं. सत्ताधारी राष्ट्रीय जनता दल गठबंधन दूसरे नंबर पर है और उसने 77 सीटें जीती हैं.
बिहार में रामविलास पासवान की लोकजनशक्ति पार्टी को ज़्यादा सीटें तो नहीं मिली है लेकिन सरकार गठन में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका देखी जा रही है.
पासवान की लोकजनशक्ति ने 30 सीटें जीत ली हैं. कांग्रेस ने दस सीटें जीती हैं.
निर्दलीय और अन्य पार्टियों के खाते में 33 सीटें गई हैं. इनमें सीपीआई (एम-एल), समाजवादी पार्टी, बहुजन समाज पार्टी और राष्ट्रवादी कांग्रेस जैसी पार्टियाँ शामिल हैं.
यानी निर्दलीय और अन्य पार्टियाँ भी बिहार में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती हैं.
झारखंड
उधर झारखंड में सभी 81 सीटों के नतीजे मिल गए हैं और इनमें से 36 सीटें एनडीए ने जीत ली है.
कांग्रेस-झारखंड मुक्ति मोर्चा गठबंधन ने 26 सीटें जीती हैं. लालू प्रसाद यादव की आरजेडी ने सात सीटें जीती हैं. अन्य पार्टियों के खाते में 12 सीटें आई हैं.
हरियाणा
हरियाणा में सभी परिणाम आ गए हैं. वहाँ कांग्रेस की भारी जीत का पूर्वानुमान लगाया जा रहा था और हुआ भी यही है.
लेकिन कांग्रेस यहाँ किसको मुख्यमंत्री बनाएगी, इसके लिए काफ़ी पहले से ही कई उम्मीदवार ताल ठोंक रहे हैं.
भारतीय राष्ट्रीय लोकदल का लगभग सफ़ाया हो गया है. सरकार विरोधी लहर में ओम प्रकाश चौटाला की पार्टी को 90 में से सिर्फ़ नौ सीटें मिली हैं.
कांग्रेस ने 67 सीटों पर जीत हासिल की है. यहाँ भारतीय जनता पार्टी को सिर्फ़ दो सीटें मिली हैं जबकि अन्य पार्टियों के खाते में आई हैं 12 सीटें.